राघोपुर पहुंचते ही सम्राट सरकार पर बरसे तेजस्वी यादव, बोले- विजय सिन्हा ने रुकवाया था रिंग बांध का काम
तेजस्वी यादव ने राघोपुर में नाव हादसे के पीड़ितों के परिजनों से मुलाकात कर उन्हें ढांढस बंधाया और हरसंभव मदद ...और पढ़ें

मृतक के स्वजन से मिलते तेजस्वी यादव। जागरण
HighLights
तेजस्वी यादव ने राघोपुर में पीड़ितों के परिजनों से मुलाकात की।
विजय सिन्हा पर रिंग बांध का काम रुकवाने का आरोप लगाया।
सरकार की कार्यप्रणाली और आपदा प्रबंधन पर सवाल उठाए।
संवाद सूत्र, राघोपुर। नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी प्रसाद यादव बुधवार की रात्रि अपने विधानसभा क्षेत्र राघोपुर प्रखंड के रामपुर श्यामचंद पंचायत में बुधवार को नाव हादसे में जान गंवाने वाले मृतकों के स्वजन से मुलाकात की।
इस दौरान उन्होंने स्वजनों से मुलाकात कर घटना की जानकारी ली। स्वजन ने बताया कि घटना कैसे हुई, उसके बाद पुलिस प्रशासन और जिला प्रशासन ने किस तरह मदद की और एसडीआरएफ टीम कितनी देर बाद मौके पर पहुंची।
मृतक के स्वजनों ने दी घटना की जानकारी
स्वजनों ने रो-रो कर तेजस्वी को पूरी घटना बताई। तेजस्वी ने मृतकों के परिवार वालों को ढांढस बंधाया एवं हरसंभव मदद का भरोसा दिलाया।
इस मौके पर तेजस्वी ने कहा कि राघोपुर की घटना बहुत ही दुखद है। कल हम दिल्ली में थे, वहां नौजवानों पर लाठियां चलाई जा रही हैं, उसके बाद भी हम अधिकारियों से बातचीत किए।
लोकतंत्र को खत्म किया जा रहा है, वोट चोरी हो रही है। पूरा देश का विपक्ष दिल्ली में जंतर-मंतर पर धरना दे रहा था। जानकारी मिलते ही हमारी पार्टी के विधायक मौके पर पहुंचे, हमारे द्वारा वीडियो जारी किया गया।
उन्होंने कहा कि यह बड़ा हादसा है, इसकी न्यायिक जांच होनी चाहिए। जो भी अधिकारी जिम्मेदार हैं, उनको सजा मिलनी चाहिए। जिन माताओं की कोख सूनी हुई है, उन्हें हौसला दिलाने का समय है।
अस्पताल में आक्सीजन और दवा होती तो तीन-चार बच्चों की जान बच सकती थी। एंबुलेंस में आक्सीजन नहीं रहने के कारण भी जान गई। एसडीआरएफ टीम को जितनी जल्दी आनी चाहिए, उतनी जल्दी नहीं आई।
विजय सिन्हा ने रोकवाया रिंगबांध का काम
तेजस्वी ने कहा कि हमारी सरकार में राघोपुर में रिंग बांध का प्रोजेक्ट बनाया गया था, मापी कराई गई थी। विजय सिन्हा उप मुख्यमंत्री थे, उन्होंने इस काम को रुकवा दिया।
रिंग बांध होता तो कटाव और बाढ़ की समस्या नहीं होती। जब तक परमानेंट निदान नहीं होगा, तब तक कुछ नहीं होगा। सरकार का खजाना खाली है।
वोट खरीदने के लिए दस हजार बांट दिए, आपदा में देने के लिए कुछ नहीं है। मृतक परिवारों को तीन डिसमिल जमीन मिलनी चाहिए।
'थानाध्यक्ष घटना के दौरान थे एक्टिव'
सीओ और थानाध्यक्ष से स्पष्टीकरण मांगे जाने पर उन्होंने कहा कि स्थानीय लोगों ने बताया कि थानाध्यक्ष घटना के दौरान बहुत एक्टिव थे। जब तक निष्पक्ष जांच नहीं होगी, तब तक काम चलने वाला नहीं है।
अस्पताल में पूरी व्यवस्था होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि लालू जी की तबीयत ठीक नहीं है, उन्होंने कहा कि जाओगे तो हमारी बात करवाना, लेकिन इंटरनेट के कारण वीडियो काॅल नहीं हो पा रही है।
गुरुवार को 03 बजे मृतक के स्वजन हमारे पास आएंगे और गरीबों के नेता लालू प्रसाद यादव से मुलाकात होगी। स्वजनों की जो मांग होगी, उसे हम विधानसभा में मजबूती से रखेंगे। इस घटना को तेजस्वी भूलने वाला नहीं है।
