बिहार MLC चुनाव: BJP के गढ़ में RJD की सेंध, पटना शिक्षक सीट पर डाॅ. संजीव कुमार की ऐतिहासिक जीत के मायने
राजद ने विधान परिषद की पटना शिक्षक सीट पर जीत हासिल कर भाजपा के गढ़ में सेंध लगाई है, जो ...और पढ़ें

तेजस्वी यादव के साथ पटना शिक्षक क्षेत्र के विजेता डॉ. संजीव कुमार। सौ-एक्स
HighLights
राजद ने पटना शिक्षक एमएलसी सीट पर पहली बार जीत दर्ज की।
डॉ. संजीव कुमार की जीत से भाजपा का चार चुनावों का वर्चस्व टूटा।
यह जीत राजद को बिहार में भाजपा से टक्कर देने का आत्मविश्वास देती है।
राज्य ब्यूरो, पटना। विधान परिषद में शिक्षक कोटे की पटना सीट पर राजद को पहली सफलता मिली है। डाॅ. संजीव कुमार के बूते मिली इस एक जीत ने भी उसे बढ़ा संबल दिया है।
पिछले चार चुनावों से यहां उसके धुर विरोधी भाजपा को जीत मिल रही थी। इस विजय से राजद यह दावा करने की स्थिति में आ गया है कि बिहार में भाजपा से सीधे टकराने की कूवत एकमात्र उसी के पास है।
विधानसभा चुनाव में करारी पराजय के बाद बांकीपुर विधानसभा क्षेत्र के उप चुनाव ने राजद को जनाधार के खिसकने की अनुभूति करा दी थी।
MLC शिक्षक कोटे की पटना सीट पर राजद को पहली बार मिली सफलता
बांकीपुर में तो उसके परंपरागत जनाधार (मुसलमान-यादव) में भी जन सुराज पार्टी के सूत्रधार प्रशांत किशोर ने सेंध लगा दी थी। तब से राजद बेचैन था।
विधान परिषद चुनाव में महागठबंधन में एकजुटता भी नहीं रही। इसके बावजूद पटना (शिक्षक) सीट पर मिली जीत इस कारण भी महत्वपूर्ण है, क्योंकि इसके दायरे में राजधानी वाला जिला भी आता है।
पटना (स्नातक) सीट पर भी राजद ने तगड़ा मुकाबला किया है। प्रथम वरीयता के मतों में तो यहां उसके प्रत्याशी दिलीप पटेल जदयू के नीरज कुमार से आगे ही थे।
हार का अंतर भी कम मतों का रहा। इस आधार पर मगध परिक्षेत्र पर अपनी मजबूत पकड़ के लिए वह आश्वस्त हो सकता है।
विधानसभा चुनाव में मगध उसके हाथ से खिसक-सा गया था। उल्लेखनीय है कि इस बार शिक्षक कोटे की तीन और स्नातक कोटे की चार सीटों पर राजद ने अपने प्रत्याशी दिए थे।
विधानसभा चुनाव के बाद विधान परिषद में दूसरी जीत
राधाचरण सेठ के जदयू विधायक चुने जाने के बाद विधान परिषद मेंं आरा स्थानीय प्राधिकार सीट खाली हो गई थी। वहां उप चुनाव में जदयू ने सेठ के पुत्र पर दांव लगाया। राजद के सोनू राय विजयी हुए थे। उसके बाद विधान परिषद चुनाव में राजद के लिए यह दूसरी जीत है।
