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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jan 11, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Bihar Education: बिहार के सभी सरकारी स्कूलों की बदल जाएगी सूरत, शिक्षा विभाग ने कर दी एक और घोषणा

Published: Sat, 11 Jan 2025 05:16 PM (IST)

छात्रों को स्कूलों में बेहतर सुविधा उपलब्ध कराने के लिए शिक्षा विभाग ने एक और ऐतिहासिक कदम उठाया है। नये ...और पढ़ें

प्रस्तुति के लिए इस्तेमाल की गई तस्वीर
प्रस्तुति के लिए इस्तेमाल की गई तस्वीर

HighLights

  1. नये वित्तीय वर्ष में सरकारी विद्यालयों को मेंटेनेंस को मिलेंगे 50-50 हजार रुपये
  2. बेंच, डेस्क, टेबुल, आलमारी, गैस चूल्हा समेत प्रयोशाला सामग्री पर खर्च होगी राशि

राज्य ब्यूरो, पटना। नये वित्तीय वर्ष से प्रत्येक सरकारी विद्यालय में मेंटेनेंस पर 50 हजार रुपये खर्च होंगे। इसके लिए प्रत्येक सरकारी स्कूल को 50 हजार रुपये की राशि मिलेगी। यह राशि सरकारी स्कूलों के बैंक खाते में हस्तांतरित की जाएगी।

शिक्षा विभाग द्वारा स्कूलों को प्रति स्कूल 50 हजार रुपये की दर से राशि देने संबंधी प्रस्ताव तैयार किया गया है, जो वित्त विभाग को बजट में शामिल करने हेतु भेजा जाएगा।

स्कूल को मिलने वाली 50 हजार रुपये की राशि से बल्ब, पंखा, ट्यूबलाइट, शौचालय, नल, सबमर्सिबल, पाइप, ओवरहेड टैंक, खिड़की, किबाड़, बेंच, डेस्क, टेबुल, आलमारी, गैस चूल्हा सहित किचेन सामग्री, प्रयोशाला सामग्री, छत एवं फर्श सहित सभी प्रकार की मरम्मति के कार्य होंगे।

सीएफएमएस प्रक्रिया के तहत ट्रांसफर की जाएगी राशि

इस राशि से ब्लैकबोर्ड की मरम्मति एवं रंगाई, बेंच, डेस्क, टेबुल एवं आलमीरा की पेंटिंग, जल-जमाव निकासी संबंधी कार्य एवं स्कूल के जंगल-झाड़ की साफ-सफाई भी होगी। विभाग के मुताबिक सभी विद्यालयों को 50 हजार रुपये की राशि सीएफएमएस प्रक्रिया के तहत हस्तांतरित की जायेगी।

मान लें कि अगर कोई स्कूल 35 हजार रुपये का कार्य कराता है, तो संबंधित प्रधानाध्यापक 35 हजार रुपये का मूल विपत्र जिला शिक्षा पदाधिकारी कार्यालय को देंगे तथा जिला शिक्षा पदाधिकारी कार्यालय द्वारा वह राशि स्कूल को हस्तांतरित की जाएगी।

इन बातों का भी रखना होगा ध्यान

  • प्रत्येक विपत्र में मजदूरी एवं सामग्री क्रय का स्पष्ट एवं अलग-अलग उल्लेख होगा।
  • राशि विपत्र पर प्रधानाध्यापक या प्रभारी प्रधानाध्यापक के साथ उनके बाद के वरीयतम शिक्षक का पूर्ण हस्ताक्षर होगा।
  • इसके साथ ही दो शिक्षकों के भी हस्ताक्षर अनिवार्य होंगे।
  • राशि की निकासी जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (योजना एवं लेखा) करेंगे तथा डीसी विपत्र महालेखाकार को उपलब्ध कराने के साथ ही उसकी एक प्रति शिक्षा विभाग के एसी-डीसी कोषांग को उपलब्ध करायेंगे।

सासाराम के आठ केंद्र पर 18 को होगी नवोदय विद्यालय प्रवेश परीक्षा

दूसरी ओर, नवोदय विद्यालय प्रवेश परीक्षा की तैयारी तेज हो गई है। जवाहर नवोदय विद्यालय छठी कक्षा में नामांकन के लिए प्रवेश परीक्षा 18 जनवरी को सासाराम के आठ केंद्रों पर होगी।

परीक्षा को कदाचारमुक्त व स्वतंत्र संपन्न कराने को लेकर शनिवार को स्थानीय श्रीशंकर इंटरस्तरीय विद्यालय तकिया में केंद्राधीक्षकों व दंडाधिकारियों की बैठक डीईओ मदन राय की उपस्थिति में हुई, जिसमें परीक्षा गाइडलाइन से अवगत कराया गया।

प्राचार्य चिंतामणी ने बताया कि शैक्षणिक सत्र 2025-26 के तहत कक्षा छठी में नामांकन के लिए प्रवेश परीक्षा 18 जनवरी को आयोजित की जाएगी, जिसमें पांचवीं कक्षा में पढ़ रहे 5104 बच्चे शामिल होंगे।

इसके लिए सासाराम में पांच केंद्र बनाया गया है। परीक्षा सुबह 11 बजे से आयोजित होगी। परीक्षार्थियों को 10.30 बजे तक प्रवेश कराया जाएगा।

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