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दरभंगा के किसानों खुशखबरी, गन्ने की खेती के लिए सरकार देगी मुफ्त बीज, 16 तक मौका

Published: Wed, 04 Nov 2026 05:52 PM (IST)

सरकार बंद पड़ी रैयाम और सकरी चीनी मिलों को पुनर्जीवित करने के लिए किसानों को मुफ्त गन्ने के उन्नत बीज ...और पढ़ें

इसमें प्रतीकात्मक तस्वीर लगाई गई है।

इसमें प्रतीकात्मक तस्वीर लगाई गई है।

HighLights

  1. किसानों को गन्ने के उन्नत बीज मुफ्त मिलेंगे।

  2. रैयाम और सकरी चीनी मिलें फिर से चालू होंगी।

  3. गन्ने की खेती से रोजगार के अवसर बढ़ेंगे।

संवाद सहयोगी, केवटी (दरभंगा)। तीन दशक से अधिक समय से बंद पड़ी रैयाम और सकरी चीनी मिलों को फिर से चालू करने की तैयारी के बीच अब किसानों की खेतों तक गन्ने की खेती पहुंचाने की कवायद शुरू हो गई है। इसके लिए सरकार किसानों को गन्ने का उन्नत किस्म का बीज निशुल्क उपलब्ध कराएगी।

यानी किसानों को बिना बीज खरीदे गन्ने की खेती शुरू करने का मौका मिलेगा। योजना का लाभ लेने के लिए आवेदन की अंतिम तिथि भी बढ़ाकर 16 नवंबर कर दी गई है।

चीनी मिलों के लिए बढ़ेगा गन्ने का रकबा

जिले के रैयाम और मधुबनी के सकरी चीनी मिलों के लिए नए क्षेत्रों में गन्ना फसल क्षेत्र विस्तार कार्यक्रम शुरू किया गया है। इसका मुख्य उद्देश्य दोनों चीनी मिलों के लिए पर्याप्त मात्रा में गन्ना उपलब्ध कराना है। सरकार चाहती है कि मिलों के आसपास के क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर गन्ने की खेती हो, ताकि भविष्य में मिलों का संचालन शुरू होने पर कच्चे माल की कमी नहीं हो।

किसानों को मुफ्त मिलेगा उन्नत बीज

योजना के तहत किसानों को गन्ने की उत्तम किस्म का बीज निशुल्क उपलब्ध कराया जाएगा। इसके साथ ही किसान गोष्ठी, कार्यशाला और प्रशिक्षण के माध्यम से किसानों को गन्ने की खेती के आधुनिक तरीकों की जानकारी दी जा रही है। किसानों को आर्थिक सहयोग भी दिया जा रहा है। इससे खेती की शुरुआती लागत कम होगी और गन्ने की खेती के प्रति किसानों का रुझान बढ़ेगा।

16 नवंबर तक ऑनलाइन आवेदन का मौका

गन्ना विभाग के सहायक निदेशक अजीत कुमार ने बताया कि योजना का लाभ लेने के लिए किसान 16 नवंबर तक ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। पहले आवेदन की अंतिम तिथि 31 अक्टूबर निर्धारित थी, जिसे बढ़ा दिया गया है। आवेदन गन्ना उद्योग विभाग की आधिकारिक वेबसाइट ccs.bihar.gov.in पर करना होगा।

योजना का लाभ उन्हीं किसानों को मिलेगा, जिनके पास न्यूनतम 0.25 एकड़ और अधिकतम 2.5 एकड़ तक जमीन है। आवेदन के लिए किसानों को जमीन की रसीद और गन्ना रजिस्ट्रेशन आइडी की जरूरत होगी। निर्धारित प्रक्रिया के तहत ऑनलाइन आवेदन करना होगा।

मिलें शुरू हुईं तो बढ़ेंगे रोजगार के अवसर

रैयाम और सकरी चीनी मिलों को दोबारा चालू करने की दिशा में गन्ने का उत्पादन बढ़ाना महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। गन्ने का रकबा बढ़ने से किसानों को वैकल्पिक फसल का अवसर मिलेगा। वहीं, भविष्य में चीनी मिलों का संचालन शुरू होने पर स्थानीय स्तर पर रोजगार और कारोबार के नए अवसर पैदा होंगे। इससे मिथिलांचल के हजारों लोगों को प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से लाभ मिलने की उम्मीद है।

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