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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Apr 06, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Bihar: नवजात बच्ची को छू गई थी लाठी; जान बचाने के लिए भागी पुलिस, फिर लौटकर आई और दिखाया तांडव

By Rashid AlamEdited By: Prateek Jain
Published: Thu, 06 Apr 2023 11:41 PM (IST)Updated: Fri, 07 Apr 2023 09:20 AM (IST)

Police Attacked In Naugachhia पुलिस जिला के डिमाहा गांव के लोगों ने गुरुवार को पुलिस टीम पर हमला कर दिया। ...और पढ़ें

विवाद के बाद हाथ जोड़ कर रोती बिलखती महिला
विवाद के बाद हाथ जोड़ कर रोती बिलखती महिला

नवगछिया, संवाद सूत्र: पुलिस जिला के डिमाहा गांव के लोगों ने गुरुवार को पुलिस टीम पर हमला कर दिया। पुलिस अगलगी के एक मामले में आरोपित को गिरफ्तार करने गई थी।

इस दौरान ग्रामीणों ने एक पुलिसकर्मी की जमकर पिटाई कर दी। बीच-बचाव के बाद पुलिसकर्मी किसी तरह जान बचाकर वहां भाग खड़ा हुआ।

लाठी चार्ज में महिला-बच्‍चे भी हुए घायल 

वहीं, पुलिस के लाठीचार्ज में कई ग्रामीण भी घायल हो गए, जिन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है। घायलों में कई महिलाएं और बच्चे भी शामिल हैं।

बताया जाता है कि डिमाहा गांव के प्रदीप मंडल के यहां सात दिन पहले बेटी का जन्‍म हुआ तो इस पर प्रदीप ने छठी का भोज किया था।

भोज के जूठे पत्तल गांव के बाहर खेत में जला दिए गए थे। इसी बात को लेकर गांव के ही लड्डू मंडल ने गोपालपुर थाना में आवेदन दिया था कि प्रदीप मंडल ने उसका बांस का बिट्टा जला दिया।

यहां से बिगड़ा मामला

पुलिस मामले की जांच करने डिमाहा गांव गई थी। घर में कोई भी पुरुष सदस्य नहीं था। आरोप है कि पुलिस ने प्रदीप मंडल की पत्नी के साथ मारपीट की। इस दौरान छह दिन की नवजात बच्ची को पुलिस की लाठी से चोट लग गई। इससे ग्रामीण आक्रोशित होकर पुलिस का घेराव कर हंगामा करने लगे।

घटना की सूचना पाकर नवगछिया व इस्माइलपुर थाने की पुलिस पहुंच गई और ग्रामीणों को समझाने की कोशिश की, लेकिन ग्रामीण कुछ भी सुनने को तैयार नहीं थे।

इसके बाद नवगछिया से पहुंची पुलिस की वज्र टीम ने मौके पर मौजूद लोगों पर लाठीचार्ज कर दिया। इससे ग्रामीण और भी आक्रोशित हो गए और खदेड़ कर पुलिस टीम पर हमला कर दिया।

इससे पुलिस अ​धिकारी व कर्मचारी भाग खड़े हुए। इस दौरान ग्रामीणों के हाथ एक सिपाही लग गया, जिसे सड़क पर गिराकर ग्रामीणों ने जमकर लाठी-डंडे और लात-घूंसे से पिटाई शुरू कर दी। किसी तरह सिपाही वहां से अपनी जान बचाकर भागा।

बिना सर्च वारंट पहुंची थी पुलिस

आरोपित प्रदीप मंडल की पत्नी नूतन देवी का कहना था कि पुलिस बिना सर्च वारंट के घर में तलाशी ले रही थी। घर में कोई भी पुरुष सदस्य नहीं था।

पुलिस जबरन घर में घुस गई, जब हमने पूछा कि क्या मामला है तो बताया कि प्रदीप पर केस दर्ज है। हमलोगों को तलाशी लेने का अधिकार है। रोकने का प्रयास किया तो उन्होंने ने मेरे साथ मारपीट की और गोद में छह दिन के बच्चे पर भी पर लाठी चला दिया।

घटना के बाद मौके पर गोपालपुर थाना की पुलिस के अलावा, इस्माइलपुर पुलिस, नवगछिया, परबत्ता थाना एवं वज्रा टीम ने हालत को संभालने का प्रयास किया, लेकिन भीड़ और भी ज्यादा उग्र हो गई।

इन्‍हें भेजा गया अस्‍पताल

इस घटना में कई महिलाएं और बच्चे पुलिस की बर्बरता के ​​शिकार हो गए। इसमें प्रयुक्त प्रदीप मंडल के पुत्र, भाई, भांजे सहित कई लोग घायल हो गए। सभी को निजी वाहन से नवगछिया अनुमंडल अस्पताल इलाज हेतु भेजा गया है।

ग्रामीणों ने मांग की कि पुलिस पर भी एफआईआर दर्ज हो और कानूनी कार्रवाई की जाए। वहीं, गोपालपुर पुलिस ने बताया कि महिला सिपाही व अन्य पुलिसकर्मियों के साथ ग्रामीणों ने मारपीट की है, जिसमें महिला सिपाही व अन्य सिपाही, अधिकारी भी गंभीर रूप से घायल हुए हैं।