भागलपुर-कटिहार के बीच पैसेंजर ट्रेन चलाएं, MP अजय मंडल ने PM व रेल मंत्री को लिखा पत्र, कहा- विक्रमशिला सेतु बंद है
सांसद अजय कुमार मंडल ने विक्रमशिला सेतु बंद होने से उत्पन्न यातायात संकट को देखते हुए प्रधानमंत्री और रेल मंत्री ...और पढ़ें

विक्रमशिला सेतु पर आवागमन बंद होने के परेशानी।
HighLights
सांसद अजय मंडल ने पीएम, रेल मंत्री से की अपील।
विक्रमशिला सेतु बंद होने से यातायात संकट गहराया।
भागलपुर-कटिहार के बीच 45 दिन विशेष ट्रेन की मांग।
जागरण संवाददाता, भागलपुर। उत्तर और दक्षिण बिहार को जोड़ने वाले लाइफलाइन विक्रमशिला सेतु पर आवागमन बंद होने से उत्पन्न गंभीर यातायात संकट को देखते हुए स्थानीय सांसद अजय कुमार मंडल ने केंद्र सरकार से तत्काल हस्तक्षेप की गुहार लगाई है।
सांसद ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव को पत्र लिखकर आगामी दुर्गापूजा, दीपावली और लोक आस्था के महापर्व छठ को ध्यान में रखते हुए भागलपुर और कटिहार के बीच 45 दिनों तक विशेष यात्री ट्रेन (स्पेशल पैसेंजर ट्रेन) चलाने की पुरजोर मांग की है। सांसद ने स्पष्ट किया कि इस विशेष ट्रेन के परिचालन से सेतु बंद रहने की अवधि के दौरान आम जनता को बहुत बड़ी राहत मिल सकेगी।
प्रधानमंत्री व रेल मंत्री को प्रेषित पत्र में सांसद अजय मंडल ने स्थिति की गंभीरता रेखांकित करते हुए कहा कि विक्रमशिला सेतु पर पहिए थमने के कारण नवगछिया, खगड़िया, कटिहार सहित पूरे कोसी और सीमांचल क्षेत्र का सीधा सड़क संपर्क बुरी तरह प्रभावित हो गया है।
हालांकि प्रशासन द्वारा गंगा पार कराने के लिए वैकल्पिक जलमार्ग (जहाज/फेरी) की व्यवस्था की गई है, लेकिन यात्रियों के भारी दबाव और वास्तविक जरूरत के अनुपात में यह व्यवस्था बिल्कुल नाकाफी साबित हो रही है। इस विकट स्थिति का सीधा और प्रतिकूल प्रभाव दैनिक नौकरीपेशा, व्यापारियों, छात्र-छात्राओं, गंभीर मरीजों, महिलाओं और बुजुर्गों पर पड़ रहा है।
शाम 6 बजे और सुबह अतिरिक्त फेरे चलाने का सुझाव
सांसद ने रेलवे प्रशासन से आग्रह किया है कि भागलपुर जंक्शन से कटिहार के लिए प्रतिदिन शाम करीब छह बजे एक विशेष पैसेंजर ट्रेन चलाई जाए। इसी तर्ज पर कटिहार से भागलपुर के लिए भी नियमित विशेष ट्रेन का परिचालन सुनिश्चित किया जाए। इसके साथ ही आम यात्रियों और कामकाजी लोगों की प्राथमिक सुबह की जरूरतों को देखते हुए दोनों ओर से सुबह के समय एक अतिरिक्त सेवा शुरू करने पर भी गंभीरता से विचार किया जाए।
सांसद ने रूट का प्रस्ताव देते हुए मांग की है कि इस ट्रेन का परिचालन भागलपुर-नवगछिया-खगड़िया होते हुए कटिहार तक किया जाए और वापसी में भी इसी मार्ग से भागलपुर लाया जाए। इस वैकल्पिक रेल कनेक्टिविटी से सेतु बंद रहने के बावजूद सीमांचल, कोसी और अंग क्षेत्र के लोग सुगम और सुरक्षित सफर कर सकेंगे।
