विक्रमशिला बेली ब्रिज पर 12 घंटे का भीषण जाम, समन्वय की कमी से बढ़ी परेशानी
विक्रमशिला बेली ब्रिज पर सोमवार को 12 घंटे तक भीषण जाम लगा रहा, जिससे राहगीरों को भारी परेशानी हुई। पुलिसकर्मियों ...और पढ़ें

बेली ब्रिज पर लगा लंबा जाम। फोटो जागरण
HighLights
विक्रमशिला बेली ब्रिज पर 12 घंटे तक लगा भीषण जाम।
पुलिसकर्मियों के बीच समन्वय की कमी से समस्या हुई गंभीर।
वाहनों के ओवरटेक करने से जाम की स्थिति और बिगड़ी।
जागरण संवाददाता, भागलपुर। विक्रमशिला बेली ब्रिज पर सोमवार को घंटों जाम लगा रहा। सुबह नौ बजे से लगा जाम रात नौ बजे तक जारी रहा। 12 घंटे के जाम के कारण बेली ब्रिज से गुजरने वाले राहगीरों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। चिलचिलाती धूप में चार से छह घंटे तक लंबी कतार में लगे वाहन चालकों को काफी परेशानी हुई।
भीषण जाम की वजह से नवगछिया से भागलपुर आने वाले कई लोगों को चार किलोमीटर पैदल चलकर आना पड़ा। आपसी तालमेल और सामंजस्य का अभाव के कारण जाम की समस्या बनी। उसपर वाहनों के ओवरटेक ने समस्या को और भी गंभीर बना दिया।
जाम के कारण
बेली ब्रिज पर वाहनों के वन-वे परिचालन का नियम बनाया गया है। इसके लिए दोनों छोर पर पुलिस की ड्यूटी लगाई गई है। बिहार पुलिस के अलावा पुलिस निर्माण निगम की ओर से प्राइवेट गार्ड की भी प्रतिनियुक्ति की गई है। वन-वे परिचालन के तहत दोनों ओर से 10-15 मिनट के अंतराल पर गाड़ियां छोड़नी है।

लग्न शुरू होने के साथ वाहनों का दवाब काफी बढ़ गया। इसके बीच पुलिसकर्मियों के बीच आपसी तालमेल और समन्वय का अभाव नजर आया। जिसके कारण जाम लग गया। आगे निकलने की होड़ में गाड़ियों के ओवरटेक करने से जाम की समस्या और भी गंभीर हो गई।
इसका नतीजा यह हुआ कि आगे रास्ता नहीं मिलने की वजह से दोपहर करीब 12 बजे से 35-40 मिनट तक बेली ब्रिज पर गाड़ियां खड़ी रही। पुलिस ने किसी तरह गाड़ियों को आगे बढ़ाया।
लोगों को हुई परेशानी
कई बीमार लोग भी जाम में फंसे रहे। चार-पांच घंटे के इंजतार के बाद कई लोग तो पैदल ही भागलपुर की ओर चल पड़े। ओवरटेक करने वाले वाहन चालक के विरुद्ध कार्रवाई करने के बजाय उन्हें रास्ते से लौटाकर लाइन से चलने के लिए कहा गया।
इधर, बेली ब्रिज पर पुल निर्माण निगम और एनएच के अधिकारियों की भी आठ-आठ घंटे की ड्यूटी लगाई गई है। पुल निर्माण निगम के दो अभियंता दोपहर में नजर आए। लेकिन 45-50 मिनट बाद ही वहां से चले गए।

गंगा ब्रिज थानाध्यक्ष सुनील कुमार ने बताया कि लग्न के कारण वाहनों का दवाब काफी बढ़ गया है। ओवरटेक के कारण यह समस्या खड़ी हुई। वाहनों को आगे निकाला जा रहा है।
उन्होंने कहा कि पुल निर्माण निगम और एनएच के अभियंता की ड्यूटी लगाई गई है, लेकिन शायद ही वे नजर आते हैं। इस बारे में संबंधित विभाग को रिपोर्ट की जाएगी।
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