यह एक आर्काइव लेख है, जिसे May 13, 2014 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
भीषण तपिश बनी जानलेवा, वृद्ध की मौत

महोबा, जागरण संवाददाता : महोबा, जागरण संवाददाता : पारा, 45 डिग्री पर पहुंचने से गर्मी अब विकराल हो गई है। रोजाना उल्टी दस्त व तेज बुखार से पीड़ित सैकड़ों लोग अस्पतालों में अपना उपचार कराने पहुंच रहे है। मंगलवार को उपचार के दौरान एक वृद्ध की मौत हो गई। उधर सैकड़ों लोग चिकित्सालयों में भर्ती होने से हाल यह है कि जिला अस्पताल में तो बेड कम पड़ गए है। वहीं मौसम के उतार-चढ़ाव के चलते बीमारियों का खतरा बढ़ गया है।
मंगलवार को भी गर्मी अपनी चरम सीमा पर थी, पारा 45 डिग्री पहुंचने पर लोग तेज धूप से बचने को घरों में दुबकने को मजबूर रहे। उधर मरीजों की संख्या में खासी बढ़ोत्तरी होती जा रही है। मंगलवार को कोतवाली चरखारी क्षेत्र के बमरारा गांव निवासी 68 वर्षीय राजाराम को तेज बुखार व उल्टी दस्त के चलते चिकित्सालय में भर्ती कराया गया था, जहां मंगलवार को उसकी उपचार के दौरान मौत हो गई। बताया जाता है कि वह पिछले कई दिनों से बीमार चल रहा था। उधर विकराल हुई गर्मी के चलते रोजाना सैकड़ों की संख्या में लोग उल्टी दस्त व बुखार से पीड़ित होकर सरकारी व निजी चिकित्सालयों में अपना उपचार कराने को पहुंच रहे है। कभी 44 डिग्री का तापमान तो कभी बदली के साथ ही ठंडी हवा मौसम का यह बदलता मिजाज लोगों के लिए मुसीबत बन गया है। तापमान का दिन में कई बार घटना बढ़ना बीमारियों को भी जम कर बढ़ावा दे रहा है।
इस साल मौसम भी अजीब कलाबाजी दिखा रहा है। इन दिनों यहां सुबह 9 बजे के बाद सड़कों में निकलना मुश्किल हो जाता था। तापमान अभी भी कम नहीं रहता पर लगभग हर दिन दिन में कई बार बदली छाने से गर्मी उतनी हावी नहीं हर जाती। कुछ ही देर में धूप पिछले रिकार्ड तोड़ती दिखने लगती है। इस तरह एक ही दिन में मौसम की कई कलाबाजियां लोगों को मुसीबत साबित हो रही है। तापमान के उतार चढ़ाव का लोगों पर भारी प्रतिकूल प्रभाव पड़ने से डायरिया बुखार, वायरल व इंफेक्शन जैसी समस्याएं पैदा हो रही हैं। नतीजा अस्पतालों में मरीजों की भारी भीड़ उमड़ रही है। मुख्यालय सहित जिले के दर्जनों गांवों में डायरिया का प्रकोप लगातार बढने से लोग बुरी तरह परेशान हैं।
कैसे करें बचाव
- धूप में निकलने से बचें।
- धूप में निकलना जरूरी हो तो गमछा बांध कर निकलें।
- लस्सी, नीबू पानी या फिर आम का पना जरूर पीते रहें।
- किसी भी प्रकार की दिक्कत तो तुरंत चिकित्सक से सम्पर्क करें।
डा.आरपी मिश्रा
चिकित्सक, जिला अस्पताल
