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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 28, 2014 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

वनांचल के जंगलों में फिर नक्सलियों की मौजूदगी

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Published: Mon, 28 Jul 2014 04:08 PM (IST)

लख्रनऊ। वनांचल के जंगलों में एक बार फिर नक्सलियों की मौजूदगी के संकेत मिले हैं। चंदौली, सो

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लख्रनऊ। वनांचल के जंगलों में एक बार फिर नक्सलियों की मौजूदगी के संकेत मिले हैं। चंदौली, सोनभद्र और मीरजापुर से जुड़े जंगलों में उनकी आहट साफ महसूस होने लगी है।

पुलिस सूत्रों के मुताबिक कछुआ कुंड के जंगलों में जुलाई की शुरुआत में नक्सलियों को देखा गया है। उनके साथ एक महिला भी थी। सोन विंध्य गंगा जोनल कमेटी की कमान संभाले सुदेश उर्फ गोविंद जी व हिनामुल हक उर्फ जफर अंसारी द्वारा अपना नेटवर्क बढ़ाने के लिए कोशिश की जा रही है। उल्लेखनीय है कि इन दिनों नक्सलियों ने शहीद सप्ताह घोषित कर रखा है।

नक्सलियों की इस घोषणा को लेकर वनांचल के साइलेंट जोन में फिर हलचल शुरू हो गई है। पैरामिलिट्री के जवानों ने मोर्चा संभाल लिया है। सोमवार को सीआरपीएफ ने नक्सलियों की टोह में जंगल खंगालना शुरू किया है। वनांचल के बीहड़ों में नक्सलियों की मौजूदगी के संकेत मिले हैं।

नक्सली अपने दिवंगत साथियों की याद में 27 जुलाई से दो अगस्त तक शहीद सप्ताह मनाते हैं। वे अपनी ताकत को पुनस्र्थापित करने के लिए सभी हथकंडे अपनाते हैं। शहीद सप्ताह को लेकर सक्रियता के मद्देनजर रविवार और सोमवार को सहायक कमांडेंट गणेश प्रताप सिंह के नेतृत्व में जवानों की कई टुकड़ियों ने बिहार सीमा तक कांबिंग की।