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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 08, 2017 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

दिमागी बुखार से किशोर की मौत

By JagranEdited By:
Published: Wed, 08 Nov 2017 06:52 PM (IST)

संवाद सूत्र, चपुन्ना : दिमागी बुखार से पीड़ित किशोर ने सैफई ले जाते समय रास्ते में दम तोड़ दिय

दिमागी बुखार से किशोर की मौत
दिमागी बुखार से किशोर की मौत

संवाद सूत्र, चपुन्ना : दिमागी बुखार से पीड़ित किशोर ने सैफई ले जाते समय रास्ते में दम तोड़ दिया। इससे परिजनों में चीख-पुकार मच गई।

ग्राम भाउलपुर निवासी गौतम अग्निहोत्री (16) पुत्र उमेश चंद्र अग्निहोत्री को पिछले तीन पहले अचानक बुखार आ गया था। इस पर मेडिकल स्टोर से दवा लेकर खाने से कुछ आराम हो गया। सोमवार देर रात ग्राम लालसहाय नगरिया में वह रामलीला देखने चला गया। सुबह लौटने पर तेज बुखार आ गया। परिजन उसको खड़िनी स्थित निजी अस्पताल ले गए। जांच के दौरान दिमागी बुखार की पुष्टि हुई। डाक्टर ने गंभीर अवस्था में सैफई स्थित मेडिकल कालेज ले जाने की सलाह दी। परिजन उसे लेकर रवाना हुए लेकिन रास्ते में मौत हो गई। शव गांव लौटने पर चीख-पुकार मच गई। उसकी मां गीता देवी का रो-रोकर बुरा हाल रहा। मौजूद महिलाएं उनको पानी आदि की मदद से होश में लाती रहीं पर वह लगातार परेशान रहीं। उनकी चीख-पुकार सुन हर शख्स की आंख नम हो गई। परिवार की आर्थिक स्थिति खराब होने से समस्या तय है।.

दिव्यांग पिता की बना था लाठी

गौरव के पिता उमेश चंद्र की आंखों की रोशनी नहीं है। वह अपने पिता की लाठी बन गया था। परिवार का भरण पोषण करने में काफी मददगार था। उसकी मौत के बाद पिता बेसुध हो गए। उनके मुंह से बोल तक नहीं फूटा। यह स्थिति देख ग्रामीणों का दर्द भी बाहर आ गया।