यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 20, 2015 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
इंसेफ्लाइटिस का कहर तेज, तीन मौतें
जागरण संवाददाता, गोरखपुर : बरसात के साथ एक बार फिर पूर्वाचल में इंसेफ्लाइटिस का कहर तेज हो गया है।

जागरण संवाददाता, गोरखपुर :
बरसात के साथ एक बार फिर पूर्वाचल में इंसेफ्लाइटिस का कहर तेज हो गया है। बीते दो दिन में बीआरडी मेडिकल कालेज में तीन नए मरीज भर्ती किए गए जबकि पहले से भर्ती तीन अन्य की मौत हो गई।
जिन तीन मासूमों की मौत हुई है उनमें संतकबीरनगर के एक साल के रवि व दो साल के शुभम तथा महराजगंज के साढ़े तीन साल के आदित्य शामिल हैं। इस साल पिछले एक जनवरी से बीआरडी मेडिकल कालेज में 301 मरीज भर्ती हुए हैं जिनमें से 80 की मौत हुई है।
मरीजों की भर्ती व मौतों का सिलसिला तेज होने के बावजूद सरकारी सुस्ती के चलते बीआरडी मेडिकल कालेज में इलाज के पुख्ता इंतजाम नहीं हो पाए हैं। दवाओं की कमी है। फिलहाल तो मरीजों की तादाद कम होने से खास दिक्कत नहीं पर यदि इसी तरह संख्या बढ़ती रही तो आगे चलकर मुश्किल होगी। हाल यह है कि इंसेफ्लाइटिस के मरीजों के इलाज के लिए खासतौर पर बने सौ बेड के अत्याधुनिक वार्ड व दो अन्य वार्डो में कुल मिलाकर 17 वेंटीलेटर बैटरी बैकअप नहीं होने से बेकार पड़े हैं। दवाओं की भी कमी है। गंभीर यह है कि इसके लिए ढाई महीने पहले यहां से बीस करोड़ का प्रस्ताव भेजा गया था। इसमें दवाओं, उपकरणों के अनुरक्षण के साथ की डाक्टरों व अन्य स्टाफ के वेतन के लिए धन मांगा गया था जो अबतक नहीं मिला है।
