यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jan 26, 2016 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
दलित मजबूरी में मायावती के साथ : पासवान
जागरण संवाददाता, इलाहाबाद : केंद्रीय खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण मंत्री तथा लोक जनशक्ति पार्टी के संस्

जागरण संवाददाता, इलाहाबाद : केंद्रीय खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण मंत्री तथा लोक जनशक्ति पार्टी के संस्थापक रामविलास पासवान ने सोमवार को यहां कहा कि उत्तर प्रदेश का दलित मजबूरी में बसपा मुखिया मायावती के साथ है। बोले, बसपा सुप्रीमो ने दलितों को सिर्फ सब्जबाग दिखाए हैं, उनके लिए जमीनी स्तर पर कुछ नहीं किया। तीन दिवसीय इलाहाबाद प्रवास के अंतिम दिन सर्किट हाउस में मीडिया से रूबरु हुए केंद्रीय मंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश में आगामी विधानसभा चुनाव भाजपा व लोजपा मिलकर लड़ेगी और बहुमत हासिल करेगी।
यूपी में संभावित महागठबंधन से संबंधित प्रश्न पर उन्होंने कहा कि उसका यहां कोई आधार नहीं है। नीतीश व लालू सिर्फ बिहार तक सीमित हैं। अगर मायावती व मुलायम सिंह मिलते हैं तो भी हम मुकाबले के लिए तैयार हैं। लोजपा यूपी में कितनी सीटे मांगेगी, इस पर उन्होंने पत्ते नहीं खोले। अलबत्ता इतना जरूर कहा कि यहां (इलाहाबाद) आकर उनके आत्मविश्वास में बढ़ोत्तरी हुई है। लोजपा-भाजपा का संयुक्त कार्यक्रम प्रदेश के हर जिले में होना चाहिए। लोकसभा अध्यक्ष सुमित्रा महाजन द्वारा आरक्षण लागू किए जाने के लिए नेताओं को जिम्मेदार बताने संबंधी बयान पर केंद्रीय मंत्री ने कहा कि बाबा साहब भीमराव अंबेडकर ने सामाजिक विषमता दूर करने के लिए 10 साल की अवधि तक आरक्षण देने की बात कही थी, लेकिन सामाजिक विषमताएं अभी भी हैं, इसलिए आरक्षण आगे भी जारी रहेगा। हैदराबाद विश्वविद्यालय में दलित शोध छात्र रोहित वेमुला की आत्महत्या के बाद हो रहे प्रदर्शन पर उन्होंने कहा कि जब मामले में न्यायिक जांच का आदेश हो गया है और रिपोर्ट तीन माह में आएगी तब सबको इंतजार करना चाहिए।
