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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 07, 2017 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

मोदी ने बहादुर शाह जफर की मजार पर चढ़ाए फूल

By Gunateet OjhaEdited By:
Published: Thu, 07 Sep 2017 07:42 PM (IST)

कालीबाड़ी मंदिर में की पूजा, ढाई हजार साल पुराने बौद्ध पैगोडा भी गए...

मोदी ने बहादुर शाह जफर की मजार पर चढ़ाए फूल
मोदी ने बहादुर शाह जफर की मजार पर चढ़ाए फूल

यंगून, प्रेट्र : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी म्यांमार दौरे के अंतिम दिन गुरुवार को भारत के अंतिम मुगल शासक बहादुर शाह जफर की मजार पर गए और फूल चढ़ाए। स्वदेश रवाना होने से पहले उन्होंने यहां ढाई हजार साल पुराने बौद्ध श्वेदागोन पैगोडा के दर्शन किए और कालीबाड़ी मंदिर में पूजा की।

मोदी ने ट्वीट कर मुगल शासक की मजार के साथ अपनी एक तस्वीर भी साझा की। जफर उर्दू के मशहूर शायर भी थे। उनका 87 साल की उम्र में यंगून में निधन हो गया था। 1857 की क्रांति के दौरान दिल्ली में गिरफ्तार करने के बाद अंग्रेजों ने उन्हें यहां निर्वासित कर दिया था। इससे पहले मोदी ने श्वेदागोन पैगोडा में दर्शन किए। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रवीश कुमार ने बताया कि प्रधानमंत्री मोदी ने पैगोडा परिसर में एक बोधिवृक्ष का पौधा भी लगाया, जो भारत और म्यांमार की साझी विरासत के महत्व को दर्शाता है। मोदी ने ट्वीट किया, 'म्यांमार के सांस्कृतिक प्रतीक श्वेदागोन पैगोडा का दौरा कर खुशी मिली।' पैगोडा से मोदी कालीबाड़ी मंदिर गए और पूजा-अर्चना की। इसके बाद उन्होंने म्यांमार की स्टेट काउंसलर आंग सान सू की के साथ बोग्योक आंग सान म्यूजियम का भी दौरा किया।

पैगोडा पर जड़े हैं 4,531 हीरे

यंगून की शाही झील के पास स्थित प्राचीन श्वेदागोन पैगोडा म्यांमार के लोगों के लिए सबसे पवित्र और महत्वपूर्ण बौद्ध स्थल है। प्रारंभ में यह महज 8.2 मीटर ऊंचा था लेकिन अब इसकी ऊंचाई करीब 110 मीटर हो गई है। इस पर सोने की चादर चढ़ाई गई है और स्तूप के शीर्ष पर 4,531 हीरे जड़े हैं। इनमें सबसे बड़ा हीरा 72 कैरेट का है।

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