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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 09, 2013 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

दलितों का सर्वागीण विकास मूल मकसद

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Published: Mon, 09 Sep 2013 01:04 AM (IST)Updated: Mon, 09 Sep 2013 01:05 AM (IST)

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मधुपुर : स्थानीय डालमिया धर्मशाला में रविवार को दलित अधिकार सुरक्षा मंच द्वारा जिला स्तरीय युवा सम्मेलन का आयोजन किया गया। इसमें लोगों ने सामाजिक परिवर्तन के लिए समाज के निचले स्तर के लोगों को एकजुट होकर काम करने का आह्वान किया गया। इसके पूर्व कार्यक्रम का उद्घाटन पूर्व नपा अध्यक्ष फैयाज कैशर ने डॉ. भीमराव अम्बेडकर की तस्वीर पर माल्यार्पण कर किया। अध्यक्षता वार्ड सदस्य गोपाल दास व मंच संचालन रामरत्न दास ने किया। अन्य वक्ताओं ने कहा कि सम्मेलन का मुख्य मकसद दलितों के सामाजिक, आर्थिक, राजनीतिक व सांस्कृतिक स्थिति का चर्चा कर समुदाय को संवैधानिक अधिकारों के प्रति संवेदनशील बनाना है। शोषण, भेदभाव के खिलाफ जागृति पैदा करने से समाज सबल हो सकता है। दलितों के प्रति अच्छी सोच रखने वाले युवा नेतृत्वकत्र्ता की पहचान एवं दलित अधिकार सुरक्षा मंच ग्राम स्तरीय संगठन बनाना है। सम्मेलन में प्रखंड महिला प्रसार पदाधिकारी उमा चौरसिया, रामू आनंद, हरिहर चौधरी, पंकज सिंह, सावित्री देवी, अस्तानंद झा, राजेश दास, अशोक दास, सुधा टुड्डू, ज्योति, शंकर दास, अशोक मांझी, अरुण मेहरा आदि उपस्थित थे।

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