यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 01, 2014 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
डायरिया से एक की मौत, दर्जन भर आक्रांत

सिमरिया: प्रखंड मुख्यालय के सटा गोवा खुर्द गांव का भुइयां टोली डायरिया की चपेट में है। यहां पर डायरिया से एक युवक की मौत हो गई। जबकि दर्जन भर लोग बीमार हैं। गांव में चीख-पुकार मची हुई है। लोग भयाक्रांत हैं। डायरिया से ग्रसित कुछ लोग टोला छोड़कर भाग गए हैं और अन्यत्र इलाज करवा रहे हैं। डायरिया से मरने वाले का नाम करम भुइया है। जबकि बीमार में जिलवा देवी, भरोइया देवी, विकास कुमार, मीना देवी, जवाहर भुइयां, नरेश भुइयां, गीता देवी, दुर्गेश भुइयां, कौशल्या देवी एवं अन्य शामिल हैं।
टोला में एक कुआं व दो चापाकल
डायरिया प्रभावित भुइयां टोला में दो चापाकल और एक कुआं है। जिसमें एक चापाकल वर्षो से खराब है। अधिकांश लोग कुआं का पानी पीते हैं। संभावना जताई जा रही है कि कुआं का पानी दूषित है, जिससे डायरिया फैली है।
कच्चे मकानों में है सीलन
टोला के निवासी कच्चे मकान में रहते हैं। जिसमें बरसात के कारण सीलन है। बरसात में यहां के लोग विभिन्न बीमारियों से ग्रसित रहते हैं। सभी मेहनत मजदूरी करके अपना पेट पालते हैं।
पहुंचा चिकित्सा दल
डायरिया फैलने की सूचना पाकर सिमरिया अस्पताल का चिकित्सा दल प्रभावित गांव पहुंचा और मरीजों को सलाइन किया व दवाएं दी। इसके अलावा कुआं में ब्लीचिंग पाउडर डाला गया और नाली व जल जमाव वाले क्षेत्र में भी ब्लीचिंग का छिड़काव किया गया। बाद में सिविल सर्जन डा. एस पी सिंह ने प्रभावित गांवों का दौरा किया और चिकित्सकों को आवश्यक निर्देश दिया।
वार्ड सदस्य ने लगाया आरोप
डायरिया प्रभावित टोले के बाबत वार्ड सदस्य चंद्रदेव गंझू ने सिमरिया अस्पताल पर लापरवाही का आरोप लगाया है। उन्होंने बताया कि टोले में डायरिया फैलते ही अस्पताल प्रबंधक को सूचना दी गई थी। किंतु उन्होंने कोई संज्ञान नहीं लिया। अंतत: आनन-फानन में गंभीर स्थिति में युवक को निजी वाहन से अस्पताल पहुंचाया गया। जहां उसकी मौत हो गई। वार्ड सदस्य ने बताया कि उन्हें दवाइयां भी बाहर से खरीदकर लाना पड़ रहा है।
