यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 07, 2016 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
प्रदूषण कम करने के लिए दिल्ली में शुरू हुआ पानी का छिड़काव
स्मॉग से बेहाल दिल्ली में प्रदूषण को कम करने के लिए सड़कों पर पानी का छिड़काव शुरु हो गया है। ...और पढ़ें

नई दिल्ली [जेएनएन]। देश की राजधानी दिल्ली को प्रदूषण के कहर से बचाने के लिए प्रयास शुरू कर दिए गए हैं। स्मॉग से बेहाल दिल्ली में प्रदूषण को कम करने के लिए सड़कों पर पानी का छिड़काव शुरु हो गया है। एनडीएमसी ने हाई प्रेशर जेट पंप तकनीक की मदद से पानी का छिडकाव शुरू किया है, जिसका असर आन वाले वक्त में दिखाई पड़ेगा।
#DelhiSmog: New Delhi Municipal Council begins to sprinkle water using Jet pressure pump technique to control air pollution pic.twitter.com/qWn1dmMIZo
— ANI (@ANI_news) November 7, 2016
बता दें कि दिल्ली में रविवार को प्रदूषण स्तर सामान्य से न सिर्फ 17 गुना ज्यादा पाया गया बल्कि कई जगहों पर प्रदूषण मापने वाले यंत्र की क्षमता (999 माइक्रोग्राम) भी जवाब दे गई। सड़कों पर बढ़ती धुंध की वजह से सांस की तकलीफ, अस्थमा और एलर्जी के मरीजों की तादाद 15 प्रतिशत से बढ़कर 60 प्रतिशत हो गई।
'80 प्रतिशत प्रदूषण के लिए दिल्ली जिम्मेदार, खत्म हो आरोप-प्रत्यारोप का दौर'
दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कैबिनेट की आपात बैठक कर 17 साल के इस रिकॉर्डतोड़ प्रदूषण से निपटने के लिए कई उपायों की घोषणा की जिनमें केंद्र की मदद से कृत्रिम बारिश कराने पर भी विचार किया जा गया। राजधानी के स्कूल तीन दिन तक बंद रहेंगे, डीजल जनरेटर और बदरपुर प्लांट को भी दस दिन के लिए बंद कर दिया गया है।
विशेषज्ञों की मानें तो नवंबर में इतने लंबे वक्त तक सड़कों पर प्रदूषण का स्तर इस पैमाने पर पहले कभी नहीं रहा। रविवार को अब तक का सबसे खतरनाक स्तर दर्ज किया गया। हालात से निपटने के लिए दिल्ली सरकार ने कई आपातकालीन कदम उठाए हैं। ऑड ईवन को दोबारा शुरू करने पर भी विचार किया जा रहा है।
