विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jan 02, 2017 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

UP: इस्लाम छोड़कर हिंदू बनी दामिनी ने घर में बनाया गणेश-लक्ष्मी मंदिर

By JP YadavEdited By:
Published: Mon, 02 Jan 2017 08:07 AM (IST)Updated: Tue, 03 Jan 2017 09:23 AM (IST)

रविवार को साल के पहले दिन सुबह के समय दामिनी ने अपने घर में मंदिर की स्थापना की। देशी घी का दीप व धूपबत्ती जलाकर उसने आरती भी पढ़ी।

News Article Hero Image

गाजियाबाद (राज कौशिक)। इस्लाम छोड़कर हिंदू धर्म ग्रहण करने वाली दामिनी ने नए साल के पहले दिन अपने घर में गणेश व लक्ष्मी के मंदिर की स्थापना की है। शुक्रवार को आर्य समाज मंदिर में हवन के बाद शबनम से दामिनी बनी हिम्मती महिला ने हिंदू धर्म को व्यवहार में भी अपना लिया है।

दामिनी की मदद करने वाले जय शिवसेना संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित आर्यन ने 31 दिसंबर को उससे पूछा था कि अपने इस भाई से नए साल पर उसे क्या उपहार चाहिए। इस पर दामिनी ने गणोश और लक्ष्मी की तस्वीर की इच्छा जाहिर की थी।

अमित ने शनिवार रात को ही तस्वीर उसे दे दी। रविवार को साल के पहले दिन सुबह के समय दामिनी ने अपने घर में मंदिर की स्थापना की। देशी घी का दीप व धूपबत्ती जलाकर उसने आरती भी पढ़ी। अमित की तरफ से दिए गए नए कपड़े उसने दिन में अपने बच्चे को पहनाए और शाम को कुछ खास व्यंजन बनाकर टीवी देखते हुए नया साल मनाया।

UP में मुस्लिम महिला शबनम बन गई दामिनी, बेटे का नाम रखा ओम

अमित के अनुसार रात आठ बजे फोन पर हुई बातचीत में दामिनी ने बताया कि अपने नए जीवन से वह बहुत प्रसन्न है।

अमित आर्यन ने बताया कि दामिनी उनके संगठन के माध्यम से वह समाज में पीड़ित महिलाओं की मदद के लिए काम करेंगी। अमित के अनुसार पहली मुलाकात में ही उन्हें लग गया था कि यह बहुत हिम्मत वाली महिला है मगर अब लग रहा है कि दामिनी उनकी उम्मीदों से भी ज्यादा हिम्मत वाली है।

अमित ने बताया कि उन्होंने कभी उससे हिंदू धर्म अपनाने के लिए नहीं कहा। घुटन हद से ज्यादा बढ़ जाने पर उसने ही हिंदू बन जाने की इच्छा जाहिर की और कदम-कदम पर अपने मजबूत हौंसले का प्रमाण दिया।

इतना बड़ा कदम उठाने के बाद आपको या दामिनी क्या अपनी सुरक्षा को लेकर चिंतित नहीं हैं, क्या आपने प्रशासन से सुरक्षा मांगी है।

इस पर अमित आर्यन का कहना है कि उन्हें और दामिनी, दोनों को ही प्रशासन पर भरोसा नहीं है। अमित के अनुसार दामिनी की सुरक्षा का दायित्व उनका है और उनकी सुरक्षा भोले बाबा कर रहे हैं।