यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Apr 14, 2015 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
भाजपा रैली- दर्जनों सीसी कैमरों व दो हजार सुरक्षाबलों के हवाले रैली स्थल
भाजपा के विशाल कार्यकर्ता समागम में मंगलवार को राजधानी के गांधी मैदान में जुट रहे भाजपा के वरिष्ठ नेताओं और ...और पढ़ें

पटना। भाजपा के विशाल कार्यकर्ता समागम में मंगलवार को राजधानी के गांधी मैदान में जुट रहे भाजपा के वरिष्ठ नेताओं और केंद्रीय मंत्रियों की सुरक्षा को लेकर आइबी ने 'अलर्ट' जारी कर दिया है। इस कार्यकर्ता समागम में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह, केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह समेत पार्टी के कई कद्दावर नेता शिरकत कर रहे हैं।
आइबी के अलर्ट के मद्देनजर भाजपा के कार्यकर्ता समागम को लेकर सुरक्षा के सख्त इंतजाम किए गए हैं। राज्य पुलिस मुख्यालय के आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि पटना हवाईअड्डा से लेकर गांधी मैदान तक कुल दो हजार से भी अधिक सुरक्षाकर्मियों की तैनाती की गई है। इनमें जिला पुलिस बल के अलावा बीएमपी और एसटीएफ के अधिकारी और जवान शामिल हैं। हवाईअड्डा से लेकर गांधी मैदान के चप्पे-चप्पे पर सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। साथ ही कुछ निजी वीडियो फोटोग्राफरों की सेवा भी ली जा रही है। गांधी मैदान में भीड़ पर निगाह रखने के लिए वॉच टावरों का निर्माण किया गया है। गांधी मैदान में सभी प्रवेश द्वारों पर मेटल डिटेक्टर लगाए गए हैं, ताकि कोई भी कार्यकर्ता बिना सुरक्षा जांच के मैदान में प्रवेश नहीं कर सके। हवाईअड्डा से लेकर गांधी मैदान के रास्ते में पडऩे वाली सभी ऊंची इमारतों की छतों पर एसटीएफ व बीएमपी के जवानों को दूर तक मार करने वाली रायफलों के साथ तैनात किया जा रहा है। साथ ही भीड़ पर नजर रखने के लिए विशेष शाखा के अधिकारियों और जवानों को सादी वर्दी में तैनात किया गया है, जो भीड़ में रहकर संदिग्धों पर निगाह रखेंगे।
बता दें कि विगत 27 अक्टूबर, 2013 को गांधी मैदान में भाजपा की 'हुंकार रैलीÓ के बाद पार्टी की पटना में यह पहली बड़ी सभा है। हुंकार रैली में तब प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार नरेंद्र मोदी को निशाना बनाने के लिए प्रतिबंधित आतंकी संगठन 'सिमीÓ ने गांधी मैदान व उसके आसपास के क्षेत्रों में सिलसिलेवार विस्फोट कर छह लोगों को मौत के घाट उतार दिया था, जबकि तकरीबन 80 लोग उस आतंकी हमले में घायल हो गए थे।
