विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jan 06, 2013 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

प्रतिभा के अनुसार बच्चों को दें शिक्षा

By Edited By:
Published: Sun, 06 Jan 2013 07:31 PM (IST)Updated: Mon, 07 Jan 2013 10:30 AM (IST)

News Article Hero Image

औरंगाबाद, कार्यालय संवाददाता :

आइआइटी कानपुर से उतीर्ण अमरेश कुमार जिले में तकनीकी शिक्षा का अलख जगा रहे हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में छिपी प्रतिभा को निखारने में लगे हैं। आइआइटी इनोवेशन के बैनर तले वर्ग 6 से 12 के बच्चों को तकनीकी शिक्षा के बारे में जानकारी दे रहे हैं। बच्चों के चयन के लिए रविवार को शहर के बीएल एंग्लो स्कूल परिसर में प्रतियोगिता आयोजित की गई। प्रतियोगिता में 26 विद्यालयों के करीब 1200 बच्चों ने हिस्सा लिया। बच्चों को जानकारी देते हुए अमरेश ने कहा कि गांवों में प्रतिभा छिपी है। बच्चे जो परीक्षा दे रहे हैं उसमें कई ऐसे हैं जो आइआइटी के लिए परफेक्ट है। सबके लिए जरूरी शिक्षा के तहत विद्यालय में आइआइटी की तैयारी कराई जाएगी। प्रतियोगिता में सफल बच्चों को बेहतर शिक्षा दी जाएगी। आईआईटी परीक्षा के संबंध में अमरेश ने छात्र छात्राओं को विस्तृत जानकारी दी। बताया कि 30 अंक लाने वाले छात्रों का भी नामांकन होता है। बोर्ड पर प्रत्येक वर्ष के आईआईटी के रिजल्ट को प्रदर्शित कर दिखाया। कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में शिक्षा व्यवस्था सुदृढ़ हो और प्रतिभा को बेहतर मंच मिल सके इसके लिए प्रयासरत हूं। प्ले स्कूल का कासेप्ट विकसित होगा तभी छात्र सफल होंगे। शिक्षा के सभी क्षेत्रों में विकास करना उद्देश्य है। शिक्षा के विकास के लिए ही मैंने जाब योगदान नहीं किया। अमरेश ने अभिभावकों से प्रतिभा के अनुसार बच्चों को शिक्षा देने की बात कही। कहा कि जो बच्चे विज्ञान में तेज होते हैं उन्हें भी इंजीनियर बनने के लिए दबाव बनाया जाता है जबकि ऐसा होना नहीं चाहिए। बच्चों को प्रतिभा के अनुसार शिक्षा दें तभी वे सफलता के मार्ग पर आगे बढ़ेंगे। विद्यालय निदेशक ई. सूरजमन शर्मा, प्राचार्य विनोद कुमार राय, प्रशासक विनोद पाण्डेय उपस्थित थे।

मोबाइल पर ताजा खबरें, फोटो, वीडियो व लाइव स्कोर देखने के लिए जाएं m.jagran.com पर