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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 10, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Russia-Ukraine War: रूस ने खार्कीव से अपने सैनिक वापस बुलाए, इस इलाके में तेजी से आगे बढ़ रही यूक्रेन की सेना

By Sonu GuptaEdited By:
Published: Sat, 10 Sep 2022 10:42 PM (GMT+05:30)

छह महीने से अधिक समय से जारी संघषर्ष के बीच एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम के तहत रूस ने यूक्रेन के खार्कीव ...और पढ़ें

रूस ने यूक्रेन के खार्कीव से वापस बुलाए अपने सैनिक। (फाइल फोटो)
रूस ने यूक्रेन के खार्कीव से वापस बुलाए अपने सैनिक। (फाइल फोटो)

कीव,एजेंसी। छह महीने से अधिक समय से जारी संघषर्ष के बीच एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम के तहत रूस ने यूक्रेन के खार्कीव इलाके से अपने सैनिकों को वापस बुला लिया है। इस क्षेत्र में यूक्रेन की सेना तेजी से आगे बढ़ रही है। यूक्रेन की इस बढत ने कई लोगों को हैरान कर दिया है। रूस के इस कदम से स्पष्ट है कि एक महत्वपूर्ण मोर्चे पर उसे नुकसान उठाना पडा है। इस मोर्चे पर हजारों रूसी सैनिकों के घिरने का अंदेशा उत्पन्न हो गया है।

इससे पहले दिन में रूस के रक्षा मंत्रालय ने कहा था कि वह खार्कीव में दो जगहों से अपने सैनिकों को वापस बुला रहा है। इन दोनों क्षेत्रों में पिछले सप्ताह यूक्रेन के सैनिकों ने काफी बढ़त हासिल कर ली है।

दोनेस्क क्षेत्र में फिर से होगी सैनिकों की तैनाती

एपी के अनुसार, रक्षा मंत्रालय के प्रवक्ता इगोर कोनशेंकोव ने बताया कि बालक्लीया और इज्यूम इलाकों से सैनिकों की दोनेस्क क्षेत्र में फिर से तैनाती की जाएगी। खार्कीव में इज्यूम रूसी सेना का महत्वपूर्ण ठिकाना था।

प्रवक्ता ने कहा कि पूर्वी यूक्रेन के एक हिस्से डोनबास को मुक्त कराने के लिए विशेष सैन्य अभियान की खातिर यह कदम उठाया गया है। रूस इस क्षेत्र पर अपना अधिकार होने का दावा करता है। खार्कीव इलाके से सैनिकों को वापस बुलाने और दोनेस्क में फिर से उन्हें तैनात करने के पीछे रूस ने उसी तरह का कारण बताया है, जैसा कि इस साल की शुरुआत में कीव से सैनिक बुलाते समय बताया था।

रूसी सेना और यूक्रेन के बीच हुई थी भयंकर लड़ाई

डोनबास में अलगाववादी गणराज्य के क्रेमलिन समर्थित नेता ने कहा कि रूसी सेना और यूक्रेन के बीच भयंकर लड़ाई हुई थी। डेनिस पुशिलिन ने कहा कि डोनेट्स्क क्षेत्र के लाइमन शहर में स्थिति बहुत कठिन थी और विशेष रूप से क्षेत्र के उत्तरी भाग में कई अन्य इलाकों में भी लड़ाई चल रही थी। उन्होंने कहा कि हमारे पास डोनबास को रखने के अलावा और कोई विकल्प नहीं है और हम सफल होंगे। हम निश्चित रूप से जीतेंगे। उन्होंने आगे कहा कि युद्ध से पहले इस इलाके में लगभग 20,000 से भी अधिक लोग रहते थे। मई में रूसी सेना ने इसको अपने कब्जे में ले लिया था।

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