फ्लाईदुबई की फ्लाइट में पायलट स्मित पर कुल्हाड़ी से हुआ था हमला! प्लेन में क्यों रखा जाता है ये हथियार?
फ्लाईदुबई की इजरायल जा रही फ्लाइट में भारतीय कैप्टन स्मित मछार पर हमले की खबर है, जिसमें को-पायलट ने कॉकपिट में रखी 'क्रैश एक्स' का इस्तेमाल किया।
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क्या कैप्टन स्मित पर क्रैश हैक्स से हुआ हमला?
HighLights
भारतीय पायलट स्मित मछार पर कॉकपिट में 'क्रैश एक्स' से हमला।
हमले के बाद विमान 33,000 फीट से 17,000 फीट नीचे आया।
अंतर्राष्ट्रीय नियमों के तहत कॉकपिट में आपातकालीन कुल्हाड़ी रखी जाती है।
डिजिटल डेस्क, तेल अवीव। इजरायल जा रही फ्लाईदुबई की एक फ्लाइट में भारत के कैप्टन स्मित मछार पर हमले की खबर आने के बाद से एक सवाल बार-बार उठ रहा है कि कॉकपिट के अंदर को-पायलट को हथियार कैसे मिला जिससे उसने अपने साथी को गंभीर रूप से घायल कर दिया, जिसके कारण प्लेन खतरनाक ढंग से नीचे गिरने लगा और उसे सऊदी अरब में उतारना पड़ा?
घटना को लेकर जैसे-जैसे जानकारी सामने आ रही है वैसे-वैसे सवाल भी उठ रहे हैं। शुरुआती रिपोर्टों में कहा गया है कि ओमान के को-पायलट ने चाकू का इस्तेमाल करके भारतीय पायलट स्मित पर हमला किया लेकिन अब जांच से पता चला है कि कथित हमलावर कॉकपिट में कोई चाकू या बाहर का हथियार छिपाकर नहीं ले गया था।
फिर किस चीज से हुई स्मित पर हमला?
सीबीएस न्यूज की एक रिपोर्ट के मुताबिक, हो सकता है कि उसने अपने साथी पर जोरदार हमला करने के लिए 'क्रैश एक्स' या 'फायर एक्स' का इस्तेमाल किया हो, जो विमान के कॉकपिट के अंदर ही रखा होता है। इससे पहले इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने भी कहा था कि कथित हमले में क्रैश एक्स (विमान में आपातकालीन स्थिति के लिए रखी जाने वाली कुल्हाड़ी) का इस्तेमाल किया गया था।
Flightradar24 के अनुसार, दुबई से निकलने के लगभग ढाई घंटे बाद मची अफरा-तफरी के बीच फ्लाइट लगभग एक मिनट में 33,000 फीट से 17,000 फीट (लगभग 10,000 मीटर से 5,100 मीटर) नीचे आ गई। इसके बाद उसने जॉर्डन की सीमा के पास एक अजीब सा चक्कर लगाया और लगभग एक घंटे बाद सऊदी अरब के शहर तबुक में लैंड किया।
'प्लेन हाईजैक हो रहा है'
जिस व्यक्ति ने एयर ट्रैफिक कंट्रोल के साथ फ्लाइट की बातचीत सुनी उसने बताया कि सऊदी अरब और जॉर्डन ने प्लेन को वापस भेज दिया था और आखिरकार वह तबुक में उतरा। इस दौरान बैकग्राउंड में यात्री चीख-चिल्ला रहे थे। पायलट की आवाज कांप रही थी जब उसने मेडे (आपातकालीन संकेत) कहा और बताया कि प्लेन हाईजैक हो रहा है।
कॉकपिट में क्यों होती है कुल्हाड़ी?
इंटरनेशनल एविएशन नियमों के तहत, हवाई जहाज में फैक्टरी से ही एक 'क्रैश एक्स' (आपातकालीन कुल्हाड़ी) लगाई जाती है और हर कमर्शियल एयरलाइनर में इसका होना जरूरी है। कई दशकों से हवाई जहाजों में किसी न किसी रूप में इसे आपातकालीन उपकरण के तौर पर लगाया जाता रहा है ताकि दुर्घटना के बाद इसका इस्तेमाल किया जा सके।
पहले ये कुल्हाड़ियां मुख्य केबिन में रखी जाती थीं लेकिन 25 साल पहले अमेरिका में हुए 9/11 आतंकी हमलों के बाद इन्हें कॉकपिट में शिफ्ट कर दिया गया। अब यह हथियार कॉकपिट में पायलटों की पहुंच के आस-पास ही रखा जाता है।
अभी नहीं हुई को-पायलट की पहचान
इस बीच, ओमान के को-पायलट की पहचान और मकसद का पता नहीं चल पाया है लेकिन नेतन्याहू ने कहा है कि को-पायलट को गिरफ्तार कर लिया गया है। दूसरी ओर, सऊदी और यूएई के अधिकारियों ने जांच जारी होने की पुष्टि करने के अलावा सार्वजनिक रूप से ज्यादा कुछ नहीं कहा है। फ्लाईदुबई ने कहा है कि जांच चलने तक इजरायल आने-जाने वाली उसकी उड़ानें रोक दी जाएंगी।
