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बच्ची के टॉयलेट ब्रेक ने बचाई कैप्टन और यात्रियों की जान, फ्लाईदुबई की उड़ान मेंं उस वक्त क्या हो रहा था?

Published: Fri, 02 Oct 2026 11:09 PM (IST)

फ्लाईदुबई की उड़ान में एक बच्ची के टायलेट ब्रेक ने विमान के कैप्टन और यात्रियों की जान बचाई। बच्ची के ...और पढ़ें

छह वर्षीय नीना के टायलेट ब्रेक ने विमान में बड़ा खतरा उजागर किया।

छह वर्षीय नीना के टायलेट ब्रेक ने विमान में बड़ा खतरा उजागर किया।

HighLights

  1. छह वर्षीय नीना के टायलेट ब्रेक ने विमान में बड़ा खतरा उजागर किया।

  2. पिता ने कॉकपिट में कैप्टन पर को-पायलट का हमला देखा।

  3. यात्रियों ने सूझबूझ से हमलावर को-पायलट को सफलतापूर्वक काबू किया।

जागरण ब्यूरो, नई दिल्ली। फ्लाईदुबई की उड़ान के दौरान एक बच्ची के टायलेट ब्रेक ने विमान के कैप्टन और यात्रियों की जांच बचा ली। उस समय छह वर्षीय नीना टायलेट में थी, तभी काकपिट से दिल दहला देने वाली चीखें सुनाई दीं। यात्री ज़्विका मानेस ने न्यूयार्क टाइम्स को बताया कि तेल अवीव जाने वाली उड़ान में वह पहली पंक्ति में बैठे थे, तभी बेटी की चीखें सुनीं।

वे तुरंत उठकर टायलेट की ओर अपनी बेटी को बाहर निकालने के लिए दौड़े। बच्ची ने कहा, "पापा, हम मरना नहीं चाहते।" यही वे शब्द थे, जिसने उनके कदम को काकपिट की ओर मोड़ दिया और उसके बाद उनकी मदद के लिए लगातार हाथ बढ़ते गए। वहां पहुंचकर उन्होंने जो देखा, वह अफरा-तफरी का मंजर था।

इंटरनेट मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, मानेस ने बताया कि काकपिट का दरवाजा थोड़ा खुला था और कैप्टन स्मित मच्छर खून से लथपथ पड़े थे। वह ओमान के को-पायलट के साथ हाथापाई कर रहे थे। काकपिट अस्त-व्यस्त था और खून फैला था। को-पायलट उनपर हमला कर रहा था। मानेस और अन्य ने को-पायलट को काबू में कर लिया। उन्होंने विमान के हेडफोन सेट के केबल का इस्तेमाल करके उसे बांध दिया।

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