BRICS से दूरी, UNGA में मौजूदगी... क्यों भारत के दौरे से हिचक रहे बांग्लादेश के PM तारिक रहमान?
बांग्लादेश के प्रधानमंत्री तारिक रहमान ने पद संभालने के बाद से भारत का आधिकारिक दौरा नहीं किया है, जबकि उन्हें ...और पढ़ें
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पीएम तारिक रहमान ने पद संभालने के बाद भारत का दौरा नहीं किया (फोटो- ANI)
HighLights
पीएम तारिक रहमान ने पद संभालने के बाद भारत का दौरा नहीं किया।
वे 21 सितंबर को संयुक्त राष्ट्र महासभा के लिए न्यूयॉर्क जाएंगे।
बांग्लादेश भारत से द्विपक्षीय संबंधों को प्राथमिकता देना चाहता है।
डिजिटल डेस्क, ढाका। बांग्लादेश भारत के अहम पड़ोसी देशों में से एक है, लेकिन फरवरी में पद संभालने के बाद से अब तक बांग्लादेश के प्रधानमंत्री तारिक रहमान ने भारत का कोई आधिकारिक दौरा नहीं किया है।
तारिक रहमान पद संभालने के बाद अपनी दूसरी विदेश यात्रा करने वाले हैं, लेकिन भारत के आधिकारिक यात्रा की घोषणा नहीं की है।
भारत ने रहमान को द्विपक्षीय दौरे और ब्रिक्स समिट के लिए आमंत्रित किया था, लेकिन उनके दौरे को लेकर कोई पुष्टि नहीं हुई।
संयुक्त राष्ट्र महासभा में शामिल होंगे तारिक रहमान
21 सितंबर को तारिक रहमान संयुक्त राष्ट्र महासभा (UNGA) के 81वें सत्र के लिए न्यूयॉर्क जाने वाले हैं। रहमान UNGA में अपने संबोधन के दौरान दुनिया के नेताओं के सामने बांग्लादेश का नया नज़रिया और भविष्य की सोच रखेंगे।
साथ ही, वे लंबे समय से चल रहे रोहिंग्या शरणार्थी संकट को वैश्विक एजेंडे में प्रमुखता से बनाए रखने के लिए एक उच्च-स्तरीय साइड इवेंट आयोजित करने की योजना बना रहे हैं।
बांग्लादेश के विदेश मंत्री की अध्यक्षता में UNGA
UNGA में रहमान का संबोधन बांग्लादेश के विदेश मंत्री खलीलुर रहमान की 81वें सत्र की अध्यक्षता के समय हो रहा है। खलीलुर रहमान ने 8 सितंबर 2026 को न्यूयॉर्क में दोपहर 3 बजे संयुक्त राष्ट्र महासभा के 81वें सत्र की शुरुआत की।
भारत के दौरे पर बांग्लादेश का जवाब
रहमान के भारत दौरे की संभावना पर बात करते हुए बांग्लादेश के विदेश राज्य मंत्री हुमायूं कबीर ने कहा, 'यह यात्रा तब होगी जब समय अनुकूल होगा और बातचीत से दोनों पक्षों को स्वीकार्य समय-सीमा तय हो जाएगी। एक बार जब दोनों पक्ष उपयुक्त कार्यक्रम पर सहमत हो जाएंगे, तो यात्रा होगी।'
BRICS सम्मेलन में शामिल नहीं होने पर दी सफाई
BIMSTEC के अध्यक्ष के तौर पर निमंत्रण मिलने के बावजूद नई दिल्ली में ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में शामिल न होने के रहमान के फैसले पर विदेश मंत्री हुमायूं ने कहा, 'बांग्लादेश भारत के साथ 'नए रिश्ते' बनाना चाहता है, जो द्विपक्षीय बैठकों के ज़रिए होने चाहिए, न कि मल्टी-लेटरल फोरम के ज़रिए।'
हुमांयू ने कहा, 'मैने जो कहा वह भारत के संदर्भ में था। हम भारत के साथ अच्छे कामकाजी संबंध चाहते हैं। मुझे लगता है कि पहले द्विपक्षीय यात्रा करना बेहतर है।
जिस देश के साथ आप अच्छे कामकाजी संबंध बनाना चाहते हैं, वहां आप पहले बहुपक्षीय यात्रा नहीं करते। मैंने यह बात भारत के बारे में कही थी।
मैंने यह नहीं कहा कि हम किसी भी बहुपक्षीय यात्रा के दौरान किसी से नहीं मिलेंगे। ये दो अलग-अलग बातें हैं,'
अमेरिकी राष्ट्रपति से मिलेंगे तारिक रहमान!
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के साथ बैठक समेत संभावित द्विपक्षीय बैठकों के बारे में पूछे जाने पर कबीर ने कहा कि रहमान की यात्रा का मुख्य एजेंडा संयुक्त राष्ट्र महासभा को संबोधित करना है।
क्या है संयुक्त राष्ट्र महासभा?
संयुक्त राष्ट्र महासभा संगठन का मुख्य नीति-निर्माण अंग है। इसमें सभी सदस्य देश शामिल हैं और यह संयुक्त राष्ट्र चार्टर के तहत आने वाले अंतरराष्ट्रीय मुद्दों के पूरे दायरे पर बहुपक्षीय चर्चा के लिए एक अनूठा मंच प्रदान करता है। संयुक्त राष्ट्र के सभी 193 सदस्य देशों का वोट समान होता है।
