विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे May 10, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Sri Lanka Crisis: श्रीलंका में गुस्साई भीड़ ने मंत्रियों के घरों में लगाई आग, स्थिति की बारीकी से निगरानी कर रहा अमेरिका

By Ashisha RajputEdited By:
Published: Tue, 10 May 2022 06:13 AM (IST)Updated: Tue, 10 May 2022 08:29 AM (IST)

इससे पहले गुस्साई भीड़ ने श्रीलंका के प्रधान मंत्री महिंदा राजपक्षे के उत्तर-पश्चिमी प्रांत के कुरुनेगला शहर में स्थित आवास ...और पढ़ें

लोग सड़कों पर उतरकर सरकार के खिलाफ बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। (प्रतिनिधि फोटो)
लोग सड़कों पर उतरकर सरकार के खिलाफ बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। (प्रतिनिधि फोटो)

कोलंबो, एएनआइ। श्रीलंका में आर्थिक और राजनीतिक संकट के कारण सब कुछ तितर-बितर हो गया है। पिछले कुछ दिनों में सरकार के खिलाफ देशव्यापी विरोध अब चरम पर पहुंच गया है। सोमवार को निवर्तमान प्रधानमंत्री महिंदा राजपक्षे ने पद से इस्तीफा दे दिया, जिसके बाद देश भर में सड़क पर उतरे प्रदर्शनकारियों ने हमला बोल दिया। पीएम के इस्तीफे के कुछ घंटे बाद गुस्साई भीड़ ने मेदामुलाना, हंबनटोटा में राजपक्षे परिवार के पैतृक घर को आग लगा दी। यही नहीं बेकाबू प्रदर्शनकारियों ने कई नेताओं के घरों को आग के हवाले कर दिया, जिसपर अमेरिका की प्रतिक्रिया सामने आई है। अमेरिका ने सोमवार को कहा कि वह प्रदर्शनकारियों द्वारा मंत्रियों के घरों को जलाने के बाद श्रीलंका में अस्थिर स्थिति की बारीकी से निगरानी कर रहा है।

आर्थिक संकट की मार से बेकाबू हुए प्रदर्शनकारी

श्रीलंका इस वक्त बुरे दौर से गुजर रहा है। देश के हालात बदतर स्थिति में हैं। भोजन और ईंधन की कमी, बिजली कटौती और बढ़ती कीमतों ने बड़ी संख्या में नागरिकों को प्रभावित किया है।‌ आजादी के बाद से श्रीलंका सबसे खराब आर्थिक संकट का सामना कर रहा है, जिसके कारण लोग सड़कों पर उतरकर सरकार के खिलाफ बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। यह विरोध इतना बढ़ गया कि सोमवार को बेकाबू भीड़ ने कई मंत्रियों के घर तब चला डालें।

अमेरिका ने ट्वीट कर कहा

श्रीलंका की खराब स्थिति को देखते हुए अमेरिका के दक्षिण और मध्य एशियाई मामलों के राज्य विभाग ब्यूरो ने ट्वीट कर कहा, 'श्रीलंका में स्थिति की बारीकी से निगरानी कर रहे हैं। हम शांतिपूर्ण प्रदर्शनकारियों और निर्दोष दर्शकों के खिलाफ हिंसा से बहुत चिंतित हैं, और सभी श्रीलंकाई लोगों से देश की आर्थिक और राजनीतिक चुनौतियों के दीर्घकालिक समाधान खोजने और सक्षम करने पर ध्यान केंद्रित करने का आग्रह कर रहे हैं।'

इन नेताओं के घर प्रदर्शनकारियों ने बोला हमला

देशभर में जगह-जगह पर हो रहे विरोध प्रदर्शन में कई नेता सोमवार को उग्र भीड़ के गुस्से का शिकार हुए, जिसमें श्रीलंका पोदुजाना पेरामुना (एसएलपीपी) के सांसदों बंडुला गुनावर्धने, प्रसन्ना रणतुंगा, चन्ना जयसुमना, कोकिला गुणवर्धना, अरुंडिका फर्नांडो, थिसा कुटियाराची, कनका हेराथ, पवित्रा वन्नियाराची के घरों पर प्रदर्शनकारियों ने हमला किया गया है। वहीं सरकार विरोधी प्रदर्शनकारियों ने श्रीलंका के मोरातुवा मेयर समन लाल फर्नांडो और सांसदों सनथ निशांत, महिपाल हेराथ, थिसा कुट्टियाराची, रमेश पथिराना, और निमल लांजा के आधिकारिक आवासों को भी आग के हवाले कर दिया। इस बात की जानकारी स्थानीय मीडिया ने दी।

देशभर में बड़ी हिंसा

देशभर में हिंसा रुकने का नाम नहीं ले रही है। आर्थिक तंगी की मार झेल रहे लोगों का गुस्सा अपने चरम पर पहुंच चुका है जिससे अब रोकना बेहद मुश्किल हो गया है। इंटर-यूनिवर्सिटी स्टूडेंट्स फेडरेशन (आइयूएसएफ) सहित बड़ी संख्या में प्रदर्शनकारी सड़कों पर उतर आए, जिन्होंने श्रीलंका पोदुजाना पेरामुना के सांसदों पर हमला कर दिया है । डेली मिरर की रिपोर्ट के अनुसार, वीरकेतिया प्रदेशीय सभा के अध्यक्ष के आवास पर दो लोगों की गोली मारकर हत्या कर दी गई और पांच अन्य बुरी तरह से घायल हो गए हैं। 

देश और दुनिया की ताजा खबरों के लिए Hindi News देखें। Live Cricket Score , IPO Listings, Shiv Chalisa, राशिफल और दुर्गा चालीसा पर अन्य जानकारी पाएं।