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इराक के तेल संयंत्रों पर ईरान के ड्रोन अटैक, अमेरिका के 19 बेस पर भी ताबड़तोड़ हमले का दावा

Published: Sat, 04 Apr 2026 02:24 PM (IST)

ईरान समर्थित इस्लामिक रेसिस्टेंस ने इराक में अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर 19 ड्रोन और मिसाइल हमलों का दावा किया है। यह हमला ईरान-अमेरिका तनाव के बीच हुआ।

HighLights

  1. ईरान समर्थित मिलिशिया ने अमेरिकी ठिकानों पर 19 हमले किए

  2. इराक में पीएमएफ मुख्यालयों पर भी हवाई हमले हुए

  3. अमेरिकी दूतावास ने बगदाद में सुरक्षा अलर्ट जारी किया

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। ईरान के समर्थन वाली मिलिशिया का संगठन इस्लामिक रेसिस्टेंस ने शुक्रवार को इराक और आसपास के इलाकों में अमेरिका के सैन्य पर 19 ड्रोन और मिसाइल हमले किए। अल जजीरा ने इसकी रिपोर्ट दी है। ये हमले ईरान और अमेरिका के बीच चल रहे तनाव के बीच हुए हैं।

इराक में मिलिशिया मुख्यालय पर हमले

इसी बीच, इराकी पुलिस सूत्रों ने बताया कि पश्चिमी इराक के अल-कायम इलाके में ईरान समर्थित पॉपुलर मोबिलाइजेशन फोर्सेज (पीएमएफ) के मुख्यालय पर हमला हुआ। मोसुल में पीएमएफ की 34वीं ब्रिगेड के मुख्यालय पर भी हवाई हमला होने की खबर है।

शिया मिलिशिया और प्रॉक्सी युद्धइस्लामिक रेसिस्टेंस और पीएमएफ जैसे शिया सैन्य गुट क्षेत्र में कई प्रॉक्सी युद्धों (छद्म युद्धों) में शामिल रहे हैं।

अमेरिकी दूतावास की सुरक्षा चेतावनी

इससे पहले गुरुवार को बगदाद में अमेरिकी दूतावास ने सुरक्षा अलर्ट जारी किया। इसमें चेतावनी दी गई कि ईरान से जुड़े मिलिशिया समूह केंद्र बगदाद में हमले की योजना बना सकते हैं। दूतावास ने कहा कि अगले 24-48 घंटों में हमले हो सकते हैं।

दूतावास ने अपने नागरिकों और अमेरिकी संस्थानों को सतर्क रहने की सलाह दी। संभावित निशाने में अमेरिकी नागरिक, व्यवसाय, विश्वविद्यालय, दूतावास, होटल, एयरपोर्ट और ऊर्जा सुविधाएं शामिल हो सकती हैं। साथ ही अपहरण का खतरा भी बताया गया।

इराक हमलों को रोकने में नाकाम

दूतावास ने कहा कि इराक सरकार इन हमलों को रोकने में नाकाम रही है। कुछ मिलिशिया खुद को इराकी सरकार का हिस्सा बताते हैं और सरकारी पहचान पत्र भी रखते हैं।

अमेरिकी दूतावास ने लोगों से अपील की कि अगर उन्हें इन मिलिशिया या हमलों के बारे में कोई जानकारी हो तो तुरंत बताएं, ताकि अमेरिकी दूतावास या अन्य जगहों पर होने वाले आतंकवादी हमलों को रोका जा सके।

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