बीजिंग, रायटर। अलगाववादी दस हजार साल तक बदबू फैलाते रहेंगे, इनसे कोई फर्क नहीं पड़ने वाला। ताइवान की स्वतंत्रता को लेकर यह कड़ा बयान चीन के विदेश मंत्री वांग ई ने दिया है। ताइवान में हाल ही में हुए चुनाव में राष्ट्रपति साई इंग वेन को जनता ने भारी बहुमत से फिर सत्ता सौंपी है। उन्हें हराने की चीन की हर कोशिश नाकाम रही है।

जीत के बाद साई ने भरी हुंकार, कहा- चीन की धमकियों के आगे ताइवान नहीं झुकेगा

जीत के बाद साई ने हुंकार भरी है कि चीन की धमकियों के आगे ताइवान नहीं झुकेगा। चीन अपनी झूठी मान्यताओं से बाहर आए।

वन चाइना नीति के तहत ताइवान चीन का अभिन्न अंग है

अफ्रीका के अपने दौरे में वांग ने कहा, वन चाइना नीति को दुनिया को स्वीकार किए अरसा बीत चुका है। इस नीति के अनुसार ताइवान चीन का अभिन्न अंग है। एक स्थानीय चुनाव के परिणाम या पश्चिमी देशों के कुछ राजनीतिक लोगों के कहने से यह नीति और सहमति नहीं बदलने वाली।

अमेरिकी विदेश मंत्री ने साई को दिया चीन के साथ संबंधों में स्थिरता लाने का सुझाव

वांग ने कहा कि अमेरिकी विदेश मंत्री माइक पोंपियो ने भी साई को दिए बधाई संदेश में चीन के साथ संबंधों में स्थिरता लाने का सुझाव दिया है। साफ है कि अमेरिका भी ताइवान की स्थिति को समझता है और उसे चीन का हिस्सा मानता है।

सरकार ने कहा- ताइवान एक स्वतंत्र राष्ट्र है, आधिकारिक नाम रिपब्लिक ऑफ चाइना है

ताइवान सरकार ने अपनी प्रतिक्रिया में कहा है कि वह एक स्वतंत्र राष्ट्र है और उसका आधिकारिक नाम रिपब्लिक ऑफ चाइना है। वह कभी भी पीपुल्स रिपब्लिक ऑफ चाइना का हिस्सा नहीं रहा।

बीजिंग को ताइवान में हुए चुनाव के परिणामों का सम्मान करना चाहिए

बीजिंग को ताइवान में हुए चुनाव के परिणामों का सम्मान करना चाहिए और ताइवान के साथ अच्छे पड़ोसी देश जैसा व्यवहार करना चाहिए। चीन अपनी झूठी मान्यताओं से बाहर आए।

Posted By: Bhupendra Singh

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