बीजिंग, प्रेट्र। इंटरनेट पर धार्मिक क्रियाकलाप के प्रसार को नियंत्रित करने के लिए चीन की कम्युनिस्ट सरकार ने नए दिशा-निर्देशों का मसौदा जारी किया है। सरकार ने यह कदम ऐसे वक्त पर उठाया है जब बीजिंग समेत कई प्रांतों में चर्च बंद किए जा रहे हैं और बड़ी संख्या में उइगर मुसलमानों को हिरासत में रखा गया है।

चीन सरकार के इस कदम को धार्मिक मामलों पर नियंत्रण स्थापित करने के तौर पर देखा जा रहा है। मसौदे के अनुसार, कोई भी धार्मिक संस्था या व्यक्ति किसी भी धार्मिक कार्यक्रम, पूजा-पाठ या उससे जुड़े क्रियाकलाप को लाइव नहीं कर सकता।

इस तरह के किसी भी वीडियो या तस्वीरों को पोस्ट करना अवैध होगा। सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त संस्था केवल अपने प्रांगण में ही धार्मिक शिक्षा दे सकेगी। कम्युनिस्ट पार्टी की सत्ता का विरोध करना, कट्टरपंथ, अलगाववाद और आतंकवाद को प्रसारित करना भी गैरकानूनी होगा। उल्लेखनीय है कि कम्युनिस्ट पार्टी आधिकारिक रूप से नास्तिक है और उसके सभी सदस्यों का भी नास्तिक होना अनिवार्य है।

Posted By: Ravindra Pratap Sing