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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 08, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

भारत पर कीचड़ उछाल रहे थे ट्रंप के करीबी नवारो, X के फैक्ट चेक से खुली पोल; मस्क ने भी दिया चिढ़ाने वाला जवाब

Published: Mon, 08 Sep 2025 08:48 AM (IST)

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के सहयोगी पीटर नवारो ने भारत पर रूस से तेल खरीदकर मुनाफाखोरी का आरोप लगाया जिसे ...और पढ़ें

नवारो ने भारत पर रूस से तेल खरीदकर मुनाफाखोरी का आरोप लगाया था। (फाइल फोटो)
नवारो ने भारत पर रूस से तेल खरीदकर मुनाफाखोरी का आरोप लगाया था। (फाइल फोटो)

HighLights

  1. ट्रंप के सहयोगी पीटर नवारो ने भारत पर आरोप लगाया था।
  2. अब अमेरिकी कंपनी एक्स ने उनके बयान का फैक्ट चेक कर दिया है।
  3. एलन मस्क ने भी इस मामले पर बयान दिया है।

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के सहयोगी पीटर नवारो ने भारत के खिलाफ तीखा हमला बोला, लेकिन एलन मस्क की सोशल मीडिया साइट X ने उनकी बातों को तथ्यों की कसौटी पर कस दिया है।

नवारो ने भारत पर रूस से तेल खरीदकर मुनाफाखोरी का आरोप लगाया था, मगर X की कम्युनिटी नोट्स ने उनकी बात को दोमुंहा करार देते हुए सच सामने ला दिया।

इसके बाद मस्क ने साफ कहा, "हमारे मंच पर जनता नैरेटिव तय करती है। हर पक्ष सुना जाता है और तथ्य सबके लिए बराबर जांचे जाते हैं।"

नवारो ने X पर पोस्ट कर भारत पर निशाना साधा कि भारत की ऊंची टैरिफ नीति अमेरिकी नौकरियों को नुकसान पहुंचाती है और रूस से तेल खरीदकर भारत युद्ध को बढ़ावा दे रहा है। लेकिन X की फैक्ट-चेकिंग ने उनकी बात को गलत ठहराया।

नोट में कहा गया कि भारत रूस से तेल अपनी ऊर्जा सुरक्षा के लिए खरीदता है, जो किसी भी प्रतिबंध के खिलाफ नहीं है। इसके साथ ही, अमेरिका खुद रूस से कुछ सामान आयात करता है, जो नवारो के दावों को को गलत साबित करता है।

नवारो का भारत पर बेबुनियाद आरोप

नवारो ने X के फैक्ट-चेक को बकवास कहकर खारिज करने की कोशिश की और मस्क पर "प्रोपेगैंडा" फैलाने का आरोप लगाया।

उन्होंने दावा किया कि भारत ने रूस-यूक्रेन युद्ध शुरू होने के बाद ही रूस से तेल खरीदना शुरू किया, जो मुनाफाखोरी है। लेकिन X ने फिर स्पष्ट किया कि भारत का तेल आयात उसकी ऊर्जा जरूरतों के लिए है और यह पूरी तरह वैधानिक है।

नोट में यह भी बताया गया कि अमेरिका भी रूस से यूरेनियम जैसे सामान आयात करता है, जिसे छिपाकर नवारो भारत पर उंगली उठा रहे हैं। नवारो यहीं नहीं रुके। उन्होंने भारत पर कई बार हमले किए, जिसमें रूस-यूक्रेन युद्ध को "मोदी का युद्ध" तक कह डाला।

इससे पहले उन्होंने भारत पर रूसी तेल खरीदकर मॉस्को की सैन्य ताकत को बढ़ाने का आरोप लगाया और भारत को "क्रेमलिन का लॉन्ड्रोमैट" तक कह दिया। इतना ही नहीं, उन्होंने भारत के खिलाफ जातिगत टिप्पणी भी की, जो विवादों में घिरी।

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