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'होर्मुज स्ट्रेट में फंसे जहाजों को सुरक्षा देगा अमेरिका' US वित्त मंत्री का बड़ा एलान

Published: Fri, 13 Mar 2026 12:58 PM (IST)

अमेरिकी वित्त मंत्री स्कॉट बेसेंट ने स्काई न्यूज को बताया कि अमेरिकी नौसेना, एक अंतरराष्ट्रीय गठबंधन के साथ, होर्मुज जलडमरूमध्य से तेल टैंकरों को सुरक्षित निकालेगी।

अमेरिकी नौसेना हॉर्मुज जलडमरूमध्य में तेल टैंकरों को एस्कॉर्ट करेगी

अमेरिकी नौसेना हॉर्मुज जलडमरूमध्य में तेल टैंकरों को एस्कॉर्ट करेगी

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डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। ईरान के साथ चल रहे युद्ध के बीच अमेरिकी वित्त मंत्री स्कॉट बेसेंट ने स्काई न्यूज को दिए एक विशेष इंटरव्यू में बड़ा खुलासा किया है। बेसेंट ने कहा कि जैसे ही सैन्य रूप से संभव होगा अमेरिकी नौसेना किसी अंतरराष्ट्रीय गठबंधन के साथ मिलकर तेल टैंकरों को होर्मुज जलडमरूमध्य से सुरक्षित निकालने के लिए एस्कॉर्ट करेगी।

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होर्मुज जलडमरूमध्य बड़ा व्यापारिक मार्ग 

बता दें, होर्मुज जलडमरूमध्य से दुनिया के कुल तेल आपूर्ति का लगभग 20 प्रतिशत हिस्सा गुजरता है। ईरान की ओर से पर्सियन गल्फ में शिपिंग और एनर्जी सौर्स पर लगातार हमलों के चलते तेल की कीमतें 100 डॉलर प्रति बैरल से ऊपर पहुंच गई हैं। वैश्विक बाजारों में गिरावट देखी गई, भले ही विकसित देशों ने रणनीतिक भंडार से 40 करोड़ बैरल तेल छोड़ने की घोषणा की हो, जिसमें अमेरिका का हिस्सा आधा है।

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यूएस नेवी जहाजों को करेगी एस्कॉर्ट 

बेसेंट ने स्काई न्यूज से बातचीत में कहा, 'मेरा मानना है कि जैसे ही सैन्य रूप से संभव होगा, यूएस नेवी, शायद किसी अंतरराष्ट्रीय गठबंधन के साथ मिलकर जहाजों को एस्कॉर्ट करेगी।' उन्होंने बताया कि मौजूदा हालात में भी कुछ टैंकर गुजर रहे हैं, जिसमें ईरानी टैंकर और कुछ चीनी झंडे वाले टैंकर शामिल हैं, जिससे पता चलता है कि जलडमरूमध्य में अभी माइन नहीं बिछाए गए हैं।

इससे पहले गुरुवार को ईरान के नए सर्वोच्च नेता मोजतबा खामेनेई ने कहा कि होर्मुज जलडमरूमध्य को अमेरिका और इजरायल के खिलाफ 'दबाव के हथियार' के रूप में इस्तेमाल किया जाएगा। उन्होंने 'शहीदों का बदला' लेने की बात भी कही।

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युद्ध पर अब तक कितना खर्च?

बेसेंट ने बताया कि युद्ध ने अमेरिका को अब तक करीब 11 अरब डॉलर का खर्चा झेलना पड़ा है। इंटरव्यू के दौरान ही बेसेंट को व्हाइट हाउस सिचुएशन रूम से राष्ट्रपति ट्रंप का कॉल आया, जिसके चलते बेसेंट को दो घंटे के लिए रुकना पड़ा। इंटरव्यू जब दोबारा शुरू हुआ तो पत्रकार ने उनसे एस्कॉर्ट के बारे में सवाल किया जिस पर उन्होंने कोई प्रतिक्रिया नहीं दी।

यह कदम वैश्विक ऊर्जा सुरक्षा के लिए महत्वपूर्ण हो सकता है, लेकिन ईरान के साथ सीधे टकराव का जोखिम भी बढ़ाएगा। बाजार अभी सुरक्षित मार्ग की उम्मीद कम कर रहे हैं, लेकिन बेसेंट के बयान से संकेत मिलता है कि सुरक्षित निकासी जल्द हो सकती है।

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