अमेरिका का बड़ा एक्शन, ईरान की मदद करने पर भारत और तुर्किए की कंपनियों पर लगाया कड़ा प्रतिबंध
अमेरिकी वित्त मंत्रालय ने बुधवार को यह कार्रवाई करते हुए चेतावनी दी कि ईरान की सरकार का समर्थन करने वालों के खिलाफ आगे भी सख्त कदम उठाए जाएंगे।

अमेरिका ने ईरान की मदद करने पर भारत और तुर्किए की कंपनियों पर लगाया कड़ा प्रतिबंध (सांकेतिक तस्वीर)
HighLights
चंडीगढ़ के कारोबारी सुनील कुमार शर्मा और उनकी पत्नी भी निशाने पर
तुर्किए की कंपनी फुगो ग्राउंड सर्विसेज इंक पर भी प्रतिबंध लगाया गया
रॉयटर, वाशिंगटन। अमेरिका ने ईरान को आर्थिक और कारोबारी मदद पहुंचाने के आरोप में भारत और तुर्किये की कई कंपनियों तथा व्यक्तियों पर नए प्रतिबंध लगाए हैं।
अमेरिकी वित्त मंत्रालय ने बुधवार को यह कार्रवाई करते हुए चेतावनी दी कि ईरान की सरकार का समर्थन करने वालों के खिलाफ आगे भी सख्त कदम उठाए जाएंगे।
यह कार्रवाई राष्ट्रपति ट्रंप प्रशासन के ऑपरेशन इकोनॉमिक आउटकास्ट का हिस्सा है, जिसका उद्देश्य ईरान की तेल बिक्री से होने वाली कमाई रोकना है।
अमेरिकी वित्त मंत्रालय के अनुसार, भारत में रहने वाले सुनील कुमार शर्मा, उनकी पत्नी जसप्रीत प्रीति शाहिद और दो अन्य भारतीय नागरिकों को प्रतिबंधित किया गया है।
इन लोगों पर ईरानी पेट्रोलियम के परिवहन में शामिल प्रतिबंधित जहाजों को फर्जी झंडे और समुद्री प्रमाणपत्र उपलब्ध कराने का आरोप है। मंत्रालय ने सुनील कुमार शर्मा से जुड़े नौ अन्य संस्थानों को भी प्रतिबंधित सूची में शामिल किया है।
अमेरिका का आरोप है कि चंडीगढ़ में रहने वाले सुनील कुमार शर्मा और उनकी पत्नी ने गुयाना, इस्वातिनी और लाओस जैसे देशों का प्रतिनिधि बनकर जहाजों के लिए फर्जी पंजीकरण और प्रमाणपत्र जारी किए।
इसके जरिए ईरानी सैन्य प्रतिष्ठानों और उनसे जुड़े संगठनों के लिए काम करने वाले जहाज अंतरराष्ट्रीय प्रतिबंधों से बचकर अपना परिचालन जारी रख सके।
इसके अलावा तुर्किये की कंपनी फुगो ग्राउंड सर्विसेज इंक पर भी प्रतिबंध लगाया गया है। अमेरिकी वित्त मंत्रालय के अनुसार, यह कंपनी ईरान की प्रतिबंधित विमानन कंपनियों को ग्राउंड हैंडलिंग और अन्य सेवाएं उपलब्ध करा रही थी।
अमेरिकी वित्त मंत्री स्काट बेसेंट ने कहा कि ईरानी सरकार का समर्थन करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने चेतावनी दी कि जमीन, समुद्र या हवाई मार्ग से ईरान की मदद करने वालों पर कार्रवाई जारी रहेगी।