एआई तस्वीरों में ईरानी नौसेना की तबाही दिखा कर ट्रंप ने बढ़ाया तनाव, सोशल मीडिया पर वायरल हुई पोस्ट
ट्रंप ने ईरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई दर्शाने वाली एआइ-निर्मित तस्वीरें इंटरनेट मीडिया पर साझा की हैं। इनमें लेजर हथियारों से ईरानी विमानों को निशाना बनाते दिखाया गया है।

ट्रंप ने ईरान पर हमलों की एआई तस्वीरें साझा कर दिए गंभीर संकेत
HighLights
ट्रंप ने ईरान पर हमलों की एआई तस्वीरें साझा कर दिए गंभीर संकेत
अमेरिकी युद्धपोत से ईरानी विमान पर लेजर हमले की काल्पनिक तस्वीर पोस्ट की
बिंग, बिंग, गान और बाय-बाय फास्ट बोट्स जैसे कैप्शन से बढ़ा विवाद
जागरण न्यूज नेटवर्क, नई दिल्ली। अमेरिका और ईरान के बीच युद्ध केवल खाड़ी में ही नहीं लड़ा गया, बल्कि इसका एक संस्करण इंटरनेट मीडिया पर भी देखा जा सकता है। दोनों ही पक्ष एक दूसरे पर वार करने से नहीं चूक रहे।
दुनियाभर में ईरान के तमाम दूतावासों ने अमेरिका की खिल्ली उड़ाते हुए पोस्ट साझा की हैं, तो इस मामले में अमेरिकी राष्ट्रपति भी पीछे नहीं रहे हैं।
ट्रंप ने ईरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई दर्शाने वाली एआइ-निर्मित तस्वीरें इंटरनेट मीडिया पर साझा की हैं। इनमें लेजर हथियारों से ईरानी विमानों को निशाना बनाते दिखाया गया है।
ट्रंप ने अपने 'ट्रुथ सोशल' पर कई काल्पनिक युद्ध दृश्य पोस्ट किए, जिनमें अमेरिकी सैन्य बलों को ईरानी ठिकानों और सैन्य उपकरणों पर हमला करते हुए दिखाया गया है।एक तस्वीर में अमेरिकी युद्धपोत को ईरानी झंडा लगे विमान पर उच्च क्षमता वाले लेजर हथियार से हमला करते दिखाया गया।
तस्वीर में विमान हवा में विस्फोट होता नजर आता है। इसके साथ ट्रंप ने लिखा, लेजर्स: बिंग, बिंग, गॉन!!! एक अन्य एआइ तस्वीर में अमेरिकी ड्रोन को ईरान की तथाकथित फास्ट बोट्स के ऊपर उड़ते दिखाया गया है। अगले ही पल नौकाओं में एक साथ विस्फोट होते दिखाई देते हैं। इस पोस्ट के साथ ट्रंप ने लिखा,बाय, बाय, फास्ट बोट्स।
ये पोस्ट ऐसे समय सामने आई हैं, जब वाशिंगटन और तेहरान के बीच संघर्षविराम को लेकर तनाव लगातार बढ़ रहा है और युद्ध समाप्त करने संबंधी वार्ताएं अस्थिर स्थिति में पहुंच गई हैं।
ईरान द्वारा होर्मुज न खोलने और परमाणु व मिसाइल कार्यक्रम पर न झुकने के रवैये से ट्रंप प्रशासन की हताशा बढ़ती जा रही है। सोमवार को भी ट्रंप ने व्हाइट हाउस में राष्ट्रीय सुरक्षा टीम के साथ बैठक कर अगले संभावित कदमों की समीक्षा की।
हाल के दिनों में ट्रंप प्रशासन और ईरान के बीच बयानबाजी तेज हुई है। अमेरिका ने ईरान के शांति प्रस्ताव को खारिज किया है, जबकि तेहरान ने चेतावनी दी है कि दोबारा हमला होने पर वह परमाणु कार्यक्रम को और आगे बढ़ा सकता है।
