भारतीय-अमेरिकी देबाशीष घोष पर अमेरिका में नागरिकता रद करने की कार्रवाई, करोड़ों की धोखाधड़ी का आरोप
भारतीय-अमेरिकी देबाशीष घोष के खिलाफ अमेरिका में नागरिकता रद्द करने की कार्यवाही शुरू की गई है। उन पर निवेशकों से ...और पढ़ें
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अमेरिका में एक भारतीय-अमेरिकी की नागरिकता रद करने की चल रही कार्यवाही (प्रतीकात्मक तस्वीर)
HighLights
देबाशीष घोष की अमेरिकी नागरिकता रद्द करने की प्रक्रिया शुरू।
निवेशकों से 25 लाख अमेरिकी डॉलर की धोखाधड़ी का आरोप।
नैतिक पतन और झूठी गवाही के कारण कार्रवाई।
डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। भारतीय-अमेरिकी देबाशीष घोष के खिलाफ नागरिकता रद करने की कार्यवाही शुरू की गई है। यह सामने आया है कि उन्होंने निवेशकों से 25 लाख अमेरिकी डालर की धोखाधड़ी की साजिश रची थी।
घोष के खिलाफ दायर नागरिकता रद करने की शिकायत में आरोप है कि जिस अवधि में उन्हें कानूनन अच्छे नैतिक चरित्र का प्रदर्शन करना आवश्यक था, उस दौरान उन्होंने नैतिक पतन से संबंधित अपराध किया। ऐसे गैरकानूनी कृत्य किए जिनसे उनके नैतिक चरित्र पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ा और उन्होंने अपने अपराध के बारे में झूठी गवाही दी।
कब किया था अमेरिका में प्रवेश?
देबाशीष घोष ने 1991 से कई बार अलग-अलग गैर-आप्रवासी वीजा पर अमेरिका में प्रवेश किया और 2012 में अमेरिकी नागरिक बन गए।
घोष उन 12 व्यक्तियों में शामिल हैं, जिनके खिलाफ अमेरिकी न्याय विभाग ने विभिन्न जिला न्यायालयों में नागरिकता रद करने की कार्यवाही शुरू की है। इन व्यक्तियों पर आतंकी समूह को सामग्री सहायता प्रदान करने, युद्ध अपराध करने और नाबालिग का यौन शोषण करने सहित गंभीर अपराधों का आरोप है।
