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PIB कोलकाता के नए एडीजी बने संतोष अजमेरा, 2024 में अंतरराष्ट्रीय चुनाव पुरस्कार से हो चुके हैं सम्मानित

Published: Sat, 26 Sep 2026 01:19 PM (IST)

भारतीय सूचना सेवा के वरिष्ठ अधिकारी संतोष अजमेरा ने पीआईबी कोलकाता के नए अतिरिक्त महानिदेशक और सत्यजीत रे फिल्म एवं टेलीविजन संस्थान के कुलपति का कार्यभार संभाला है।

IIS संतोष अजमेरा ने संभाला PIB कोलकाता के एडीजी का पद (जागरण)

IIS संतोष अजमेरा ने संभाला PIB कोलकाता के एडीजी का पद (जागरण)

HighLights

  1. संतोष अजमेरा बने पीआईबी कोलकाता के नए अतिरिक्त महानिदेशक।

  2. एसआरएफटीआई कोलकाता के कुलपति का भी कार्यभार संभाला।

  3. 'इंटरनेशनल इलेक्टोरल अवॉर्ड' प्राप्त, पूर्व में कई अहम पदों पर।

जागरण संवाददाता, कोलकाता। भारतीय सूचना सेवा के वरिष्ठ अधिकारी संतोष अजमेरा ने प्रेस सूचना ब्यूरो (पीआइबी), कोलकाता के नए अतिरिक्त महानिदेशक (एडीजी) और सत्यजीत रे फिल्म एवं टेलीविजन संस्थान (एसआरएफटीआइ), कोलकाता के कुलपति का शुक्रवार को कार्यभार संभाला।

अजमेरा 2008 बैच के भारतीय सूचना सेवा (आइआइएस) के अधिकारी हैं और इससे पहले केंद्र सरकार में कई महत्वपूर्ण पदों पर अपनी सेवाएं दे चुके हैं।

पीआइबी कोलकाता की ओर से जारी बयान के अनुसार, अजमेरा इससे पहले संघ लोक सेवा आयोग (यूपीएससी) में संयुक्त सचिव, भारत निर्वाचन आयोग में निदेशक और राष्ट्रीय फिल्म विरासत मिशन (एनएफएचएम) में विशेष कार्याधिकारी (ओएसडी) रह चुके हैं।

वह प्रचार और अभियान गतिविधियों के लिए महाराष्ट्र और गोवा क्षेत्र के प्रभारी भी रहे हैं। इसके अलावा उन्होंने तत्कालीन केंद्रीय मंत्रियों प्रकाश जावडेकर और कर्नल राज्यवर्धन राठौर के साथ भी काम किया है।

2024 के लोकसभा चुनाव के दौरान भारतीय चुनाव प्रक्रिया और मतदाता सहभागिता गतिविधियों में योगदान के लिए अजमेरा को ब्रिटेन स्थित इंटरनेशनल सेंटर फॉर पार्लियामेंट्री स्टडीज की ओर से ‘इंटरनेशनल इलेक्टोरल अवॉर्ड फॉर सिटिजन एंगेजमेंट-2024’ प्रदान किया गया था।

इससे पहले उन्होंने केंद्र सरकार के महत्वाकांक्षी राष्ट्रीय फिल्म विरासत मिशन का नेतृत्व किया। इस परियोजना का उद्देश्य देश की फिल्म विरासत का संरक्षण, पुनरुद्धार और डिजिटलीकरण करना था।

10 पुस्तकें भी लिख चुके हैं अजमेरा

अजमेरा शासन, नैतिकता, लोक प्रशासन, नेतृत्व और चुनाव प्रक्रिया जैसे विषयों पर 10 पुस्तकें लिख चुके हैं। सरकारी डिजिटल संचार के क्षेत्र में भी उनका योगदान रहा है।

उन्होंने इंटरनेट मीडिया कम्युनिकेशन हब और ‘टाकथान’ की परिकल्पना और स्थापना की थी, जिसका उद्देश्य इंटरनेट मीडिया के माध्यम से सरकार और नागरिकों के बीच सीधे संवाद को मजबूत करना था। इस कार्य के लिए उन्हें 2014 में वेब रत्न प्लेटिनम पुरस्कार मिला था।

अजमेरा ने इंटरनेशनल इलेक्टोरल मैनेजमेंट एंड प्रैक्टिसेज में स्नातकोत्तर की पढ़ाई की है। उन्होंने आइआइएम अहमदाबाद, आइआइएम बेंगलुरु और आइआइटी मुंबई से विभिन्न प्रमाणपत्र पाठ्यक्रम भी पूरे किए हैं।

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