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'हर महीने मिलेंगे 15000 रुपये', दुर्गा पूजा पंडाल के उद्घाटन में सीएम शुभेंदु अधिकारी का एलान

Published: Fri, 16 Oct 2026 06:49 PM (IST)

मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं के माध्यम से हर माह 12,000 से 15,000 रुपये की आर्थिक सहायता देने की बात कही।

आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को मासिक सहायता का प्रस्ताव।

आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को मासिक सहायता का प्रस्ताव।

HighLights

  1. आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को मासिक सहायता का प्रस्ताव।

  2. सीएम शुभेंदु अधिकारी ने नंदीग्राम में की घोषणा।

  3. विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं से मिलेगी मदद।

राज्य ब्यूरो, कोलकाता। बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने शुक्रवार को कहा कि यह सुनिश्चित करना ‘हमारी’ जिम्मेदारी है कि आर्थिक रूप से कमजोर और जरूरतमंद परिवारों को विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं के माध्यम से हर माह 12,000 से 15,000 रुपये की आर्थिक सहायता मिले।

अपने गृह जिले पूर्व मेदिनीपुर के नंदीग्राम में कई दुर्गा पूजा पंडालों के उद्घाटन के दौरान लोगों को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार को उन परिवारों की जिम्मेदारी लेनी ही चाहिए जिन्हें वास्तव में आर्थिक मदद की जरूरत है। शुभेंदु का नंदीग्राम से लंबे समय से राजनीतिक जुड़ाव रहा है।

मुख्यमंत्री ने जोर देकर कहा कि हमें उन परिवारों की जिम्मेदारी लेनी होगी जो वास्तव में आर्थिक रूप से कमजोर हैं और जिन्हें मदद की जरूरत है। हमें विभिन्न सरकारी योजनाओं के माध्यम से उनके लिए हर महीने 12,000 से 15,000 रुपये की व्यवस्था करनी होगी

उनके संबोधन से यह तत्काल स्पष्ट नहीं हो सका कि प्रस्तावित सहायता विशेष रूप से नंदीग्राम के परिवारों के लिए थी या राज्यभर के आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को इसका लाभ मिलेगा। उन्होंने प्रस्तावित सहायता के बारे में और कोई जानकारी नहीं दी, लेकिन इस बात पर जोर दिया कि आर्थिक रूप से सचमुच कमजोर परिवारों को सरकार से पर्याप्त वित्तीय मदद मिलनी चाहिए।

शुभेंदु ने यह भी कहा कि जब तक दक्षिण कोलकाता के भवानीपुर के लोग चाहेंगे, वह वहां के विधायक के तौर पर उनका प्रतिनिधित्व करते रहेंगे, जबकि नंदीग्राम के साथ एक मतदाता के रूप में उनका आजीवन जुड़ाव बना रहेगा।

उन्होंने दावा किया कि 2021 और 2026 के चुनाव के दौरान वह नंदीग्राम के अल्पसंख्यक-बहुल इलाकों में नहीं जा पाए थे, लेकिन अब फूलों की बारिश करके उनका स्वागत किया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि यही असली बदलाव है।

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