ममता बनर्जी ने TMC पार्षदों को दिया कड़ा संदेश, विधानसभा चुनाव तय करेगा अगले साल के निकाय चुनावों का टिकट
पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस ने अपने पार्षदों को कड़ा संदेश दिया है। पार्टी नेतृत्व ने स्पष्ट किया है कि ...और पढ़ें
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ममता का पार्षदों को कड़ा संदेश (फोटो-पीटीआई)

समय कम है?
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राज्य ब्यूरो, जागरण, कोलकाता। बंगाल में आगामी विधानसभा चुनाव के लिए तृणमूल कांग्रेस ने अपने पार्षदों के लिए 'करो या मरो' की स्थिति पैदा कर दी है।
पार्टी नेतृत्व ने स्पष्ट कर दिया है कि जिस पार्षद के वार्ड में विधानसभा प्रत्याशी को अच्छी बढ़त (लीड) मिलेगी, उसी का भविष्य सुरक्षित रहेगा।
सीधे शब्दों में कहें तो विधानसभा चुनाव का परिणाम ही अगले साल होने वाले निकाय चुनावों में पार्षदों के टिकट का पैमाना बनेगा।
ममता बनर्जी ने पार्षदों को किया सतर्क
हाल ही में भवानीपुर में एक सभा के दौरान मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और अभिषेक बनर्जी ने पार्षदों को सतर्क किया। अभिषेक बनर्जी ने स्पष्ट कहा कि हर पार्षद की गतिविधि पर पैनी नजर रखी जा रही है।
पिछले लोकसभा चुनाव के आंकड़ों ने पार्टी की चिंता बढ़ा दी है, जहां लगभग 70 नगर पालिका क्षेत्रों में भाजपा को बढ़त मिली थी।
नेतृत्व का मानना है कि पार्षद अपने स्वयं के चुनाव में तो जी-जान लगा देते हैं, लेकिन विधानसभा या लोकसभा चुनाव में उनकी सक्रियता कम हो जाती है।
पार्टी के रणनीतिकार संस्था अब आइपैक के डेटा के आधार पर पार्षदों के परफार्मेंस का विश्लेषण कर रहे हैं। इस बार टिकट वितरण में कोई रियायत नहीं दी जाएगी, जैसा कि विधानसभा प्रत्याशियों की सूची में देखा गया जहां 74 मौजूदा विधायकों के टिकट काट दिए गए।
संगठन में यह संदेश साफ है कि वार्ड में पिछड़ने का मतलब है पार्षद के पद से विदाई। पार्टी इस दबाव के जरिए शहरी इलाकों में अपनी पकड़ फिर से मजबूत करना चाहती है।
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