राज्य ब्यूरो, कोलकाता : बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने गुरुवार को एक बार फिर कोरोना वैक्सीन की कमी की शिकायत करते हुए केंद्र सरकार पर इसके वितरण में बंगाल के साथ भेदभाव का आरोप लगाया। इस संबंध में उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को फिर पत्र भी लिखा है। उन्होंने कहा कि बंगाल में टीके की आपूर्ति नहीं बढ़ाई गई गई, तो कोविड महामारी की स्थिति गंभीर हो सकती है। ममता ने एक संवाददाता सम्मेलन को भी संबोधित करते हुए आरोप लगाया कि बंगाल का आबादी घनत्व बहुत अधिक होने के बावजूद उसे टीकों की बहुत कम खुराकें मिल रही है। बंगाल की अपेक्षा भाजपा शासित छोटे-छोटे राज्यों गुजरात, कर्नाटक आदि को ज्यादा व पर्याप्त मात्रा में वैक्सीन मिली हैं।

उन्होंने प्रधानमंत्री से टीकों की आपूर्ति बढ़ाने की अपील करते हुए कहा कि राज्य को सभी पात्र लोगों को टीका लगाने के लिए 14 करोड़ खुराकों की जरूरत है। पत्र में उन्होंने कहा कि वर्तमान में हम हर दिन चार लाख टीके ही दे रहे हैं जबकि 11 लाख खुराकें देने की हमारी क्षमता है।

'मूकदर्शक नहीं बनी रह सकतीं'

उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री को इसको लेकर पहले भी कई पत्र भेजे गए लेकिन केंद्र द्वारा इस पर उचित ध्यान नहीं दिया गया। ममता ने पत्र में यह भी उल्लेख किया कि मुझे दूसरे राज्यों को टीके की ज्यादा खुराकें दिए जाने से कोई समस्या नहीं है, लेकिन मैं बंगाल को वंचित रखे जाने पर मूकदर्शक नहीं बनी रह सकती हूं। उन्होंने पीएम से अनुरोध किया कि टीकों के वितरण में राज्यों के बीच भेदभाव न करें।‌

तीसरी लहर के मद्देनजर ममता ने ग्लोबल एडवाइजरी बोर्ड के साथ बैठक की

कोरोना की तीसरी लहर के खतरे को देखते हुए मुख्यमंत्री ने इस दिन ग्लोबल एडवाइजरी बोर्ड के सदस्यों के साथ बैठक की। इस बैठक में नोबेल विजेता अर्थशास्त्री अभिजीत बनर्जी भी मौजूद रहे।बैठक में कोरोना महामारी और तीसरी लहर से बचने के उपायों पर चर्चा की गईं।

इस दौरान अभिजीत बनर्जी ने भी मोदी सरकार की नीति पर सवाल उठाते हुए कहा कि केंद्र वैक्सीन की आपूर्ति करने में सक्षम नहीं है।

ममता ने बंगाल में दुर्गा पूजा के बाद स्कूल-कॉलेज खोलने के दिए संकेत

कोरोना के मामलों में लगातार कमी के बीच देश के कई राज्यों में स्कूल- कॉलेज खुलने लगे हैं। बंगाल में भी लगातार कोरोना के मामले में कमी को देखते हुए बैठक के बाद मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने संकेत दिया कि दुर्गा पूजा की छुट्टियों के बाद बंगाल में भी एक-एक दिन के अंतराल पर स्कूल- कॉलेजों को फिर से खोलने पर राज्य सरकार विचार कर रही है।

 

Edited By: Vijay Kumar