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दुर्गापूजा से पहले बंगाल पुलिस में 11 हजार नियुक्ति, शुभेंदु बोले- सरकार नहीं बदलती तो नहीं मिलती नौकरी

Published: Mon, 12 Oct 2026 11:27 PM (IST)

दुर्गापूजा से पहले पश्चिम बंगाल पुलिस में 11 हजार युवाओं को नौकरी मिली है। मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने इसे राज्य ...और पढ़ें

पश्चिम बंगाल पुलिस में 11 हजार युवाओं को मिली नौकरी

पश्चिम बंगाल पुलिस में 11 हजार युवाओं को मिली नौकरी

HighLights

  1. पश्चिम बंगाल पुलिस में 11 हजार युवाओं को मिली नौकरी

  2. मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने पिछली सरकार पर साधा निशाना

  3. भविष्य में सरकारी भर्तियों में पारदर्शिता का दिया आश्वासन

राज्य ब्यूरो, कोलकाता। दुर्गापूजा से पहले बंगाल में 11 हजार युवक-युवतियों को पुलिस विभाग में नियुक्ति मिली है। मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने सोमवार को नेताजी इंडोर स्टेडियम में आयोजित कार्यक्रम में नियुक्ति प्रक्रिया पूरी होने की जानकारी देते हुए इसे राज्य के लिए बड़ी उपलब्धि बताया।

उन्होंने दावा किया कि राज्य में सरकार नहीं बदलती तो इन अभ्यर्थियों को नौकरी नहीं मिलती। मुख्यमंत्री ने साथ ही आने वाले साढ़े चार साल में सरकारी भर्तियां पूरी तरह योग्यता के आधार पर करने और प्रक्रिया में पारदर्शिता बनाए रखने का भरोसा दिया।

11 हजार युवाओं को मिली नौकरी

नियुक्ति पत्र वितरण के बाद आयोजित कार्यक्रम में शुभेंदु अधिकारी ने कहा कि केंद्र और राज्य की भाजपा सरकारें प्रधानमंत्री के बताए रास्ते पर काम कर रही हैं। उन्होंने पिछली सरकार की आलोचना करते हुए आरोप लगाया कि उस दौरान पुलिस थानों की व्यवस्था काफी हद तक सिविक वालंटियर पर निर्भर हो गई थी।

मुख्यमंत्री के अनुसार, अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) और आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (ईडब्ल्यूएस) के आरक्षण से जुड़ी कानूनी अड़चनें दूर होने के बाद अभ्यर्थियों को योग्यता के आधार पर नौकरी मिल सकी है। उन्होंने घोषणा की कि अगले साढ़े चार साल में सरकार ऐसी कोई भर्ती प्रक्रिया नहीं अपनाएगी, जिससे अभ्यर्थियों को न्यायालय का रुख करना पड़े।

ममता और तृणमूल पर भी साधा निशाना

एक अन्य पत्रकार वार्ता में मुख्यमंत्री ने पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और तृणमूल कांग्रेस की राजनीतिक स्थिति पर भी निशाना साधा। उन्होंने तृणमूल को ‘तीन हिस्सों में बंटी’ पार्टी बताते हुए आरोप लगाया कि राजनीतिक अस्तित्व बचाने के लिए वह माकपा से भी संपर्क कर रही है।

उन्होंने ममता बनर्जी के दिल्ली दौरे पर भी सवाल उठाए, लेकिन कथित साजिश और अंतरराष्ट्रीय संबंधों को लेकर अपने आरोपों के समर्थन में कोई प्रमाण पेश किए जाने की जानकारी खबर में नहीं है।

शुभेंदु अधिकारी ने फलता, रेजीनगर और नंदीग्राम के उपचुनावों के मतदान रुझानों का उल्लेख करते हुए दावा किया कि इन क्षेत्रों में एक जैसी राजनीतिक हवा दिख रही है। उन्होंने यह भी कहा कि ममता बनर्जी चौथी बार सत्ता में लौटतीं तो राज्य में सरकारी नौकरियां नहीं मिलतीं।