'एक घंटे में दे दूंगा इस्तीफा', अभिषेक बनर्जी ने TMC के बागी नेताओं को ममता के खेमे में लौटने की चुनौती दी
तृणमूल कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी ने पार्टी छोड़ने वाले नेताओं को चुनौती दी कि यदि वे ममता बनर्जी ...और पढ़ें

तृणमूल कांग्रेस (ममता गुट) के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी
HighLights
अभिषेक बनर्जी ने बागी नेताओं को वापसी पर इस्तीफे की चुनौती दी।
ईडी-सीबीआई से राहत के लिए भाजपा से समझौते का आरोप लगाया।
जनता का विश्वास ही सबसे बड़ा संरक्षण, दिल्ली के सामने नहीं झुकेंगे।
राज्य ब्यूरो, कोलकाता। तृणमूल कांग्रेस (ममता गुट) के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी ने पार्टी छोड़ने के बाद तृणमूल की आलोचना करने वाले नेताओं को बड़ी चुनौती दी है। उन्होंने कहा है कि यदि उनमें साहस है तो दोबारा ममता बनर्जी के नेतृत्व वाली पार्टी में लौट आएं। यदि ऐसा होता है तो वे एक घंटे के अंदर अपना संगठनात्मक पद से इस्तीफा दे देंगे।
अभिषेक ने कहा कि पार्टी छोड़ने वाले कई नेताओं ने भाजपा से समझौता कर लिया है, ताकि उन्हें ईडी-सीबीआई और अन्य जांच एजेंसियों से राहत मिल सके, इसीलिए वे तृणमूल व उनके खिलाफ बयानबाजी कर रहे हैं। यदि किसी ने कोई गलत काम नहीं किया है तो उसे जांच का सामना करना चाहिए।
अभिषेक बनर्जी ने दिया अपना उदाहरण
ईडी-सीबीआई का जिक्र करते हुए अभिषेक बनर्जी ने इस बात पर जोर दिया कि उन्हें स्वयं कई बार विभिन्न एजेंसियों ने तलब किया है और उनके खिलाफ इतनी प्राथमिकी दर्ज हैं कि उन्होंने उच्च न्यायालय से सभी मामलों की सूची उपलब्ध कराने का अनुरोध किया है। इसके बावजूद वह कभी जांच से नहीं भागे। उनके लिए ईडी-सीबीआई से सुरक्षा नहीं, बल्कि जनता का विश्वास और समर्थन सबसे बड़ा संरक्षण है।
केवल जनता के सामने झुकाऊंगा सिर- अभिषेक
अभिषेक बनर्जी ने आगे कहा कि वे लोकतंत्र में केवल जनता के सामने सिर झुकाएंगे, दिल्ली में बैठे शक्तिशाली लोगों के सामने नहीं। उन्होंने कहा कि यदि 2024 के लोकसभा चुनाव में तृणमूल की जीत का श्रेय उन्हें दिया जाता है, तो वह कमियों की जिम्मेदारी लेने के लिए भी तैयार हैं।
अपने बयान में अभिषेक बनर्जी ने घोषणा की है कि 21 जुलाई के कार्यक्रम से पहले जो भी नेता या कार्यकर्ता पार्टी में वापस लौटना चाहते हैं, उनके लिए दरवाजे खुले हैं और उन्हें सम्मानपूर्वक वापस लिया जाएगा।
