सिलीगुड़ी, जागरण संवाददाता। सिलीगुड़ी के एनजेपी थाना क्षेत्र अंतर्गत फूलबाड़ी स्थित एक नामी स्कूल के छत से गिरकर एक छात्र की मौत हो गई। जबकि दूसरा बुरी तरह से घायल हो गया। सोमवार दोपहर बाद इस घटना से पूरे इलाके में खलबली मची हुई है। यह दुखद घटना नारायणा स्कूल की है। मृतक नौवीं कक्षा का छात्र था। जबकि जो घायल हुआ है वह भी नौवीं कक्षा में ही पढ़ता है।

पुलिस के अनुसार मृतक छात्र की पहचान रिषभ आर्या(15) के रूप में की गई है। जबकि गंभीर रूप से घायल उसका दोस्त ऋत्विक कुमार सिंह (15) है। दोनों का घर बिहार के पूर्णियां में है। स्थानीय सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार नारायणा स्कूल के उपरी मंजिल पर हॉल है। जिनमें कांच की खिड़कियां लगी है,परंतु लोहे के ग्रिल नहीं लगे हैं। खेल-खेल में एक छात्र नीचे गिरने लगा। उसे बचाने दूसरा छात्र आया और दोनों एक साथ नीचे गिर गए। जो बचाने की कोशिश कर रहा था वही छात्र काल के गाल में समा गया।

स्कूल के छत से गिरकर एक छात्र के मारे जाने और दूसरे के घायल होने की सूचना से पूरे क्षेत्र में सनसनी मच गयी। दोनों छात्र यहां हॉस्टल में रहकर पढ़ाई कर रहे थे। एनजेपी थाना प्रभारी अनिर्वाण भट्टाचार्य ने बताया कि घायल छात्र की चिकित्सा फूलबाड़ी के एक निजी नर्सिग होम में कराई जा रही है। परिवार वालों से सूचना दे दी गई है। वह लोग आ भी गए हैं। उनसे बातचीत के बाद आगे की जांच की जाएगी। परिवार वालों की शिकायत क्या होती है, उसके आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

बताया जाता है कि सोमवार को स्कूल के लंच टाइम में दोनों छात्र अपने दोस्तों के साथ उपरी मंजिल स्थित हॉल पहुंचे थे। वहां शिक्षक और कर्मचारी भी मौजूद थे। अचानक भाग दौड़ के बीच एक खिड़की का शीशा तोड़ते हुए ऋत्विक कुमार सिंह को उपरी मंजिल से नीचे गिरते उसके दोस्त रिषभ आर्या ने देखा। उसने दौड़कर उसे पकड़कर बचाना चाहा। इसी दौरान वह भी उसके साथ नीचे गिर गया।

ऋत्विक और रिषभ दोनों बुरी तरह घायल हो गये थे। दोनों को पास के एक नर्सिग होम में ले जाया गया जहां रिषभ को डाक्टर ने मृत घोषित कर दिया। स्कूल के प्राचार्य रजनी प्रसाद ने कहा कि यह इतनी दु:खद घटना है उसे बताने में मुश्किल हो रही है। नौवीं क्लास के दोनों छात्र उपरी मंजिल से नीचे गिर गए। एक छात्र की मौत हो गई जबकि दूसरे का इलाज पास के महाराजा नर्सिंग होम में चल रहा है। परिवार वालों को सूचना दी गयी है। वे लोग आ भी गए हैं। इसबीच राज्य के पर्यटन मंत्री गौतम देव इस घटना में घायल छात्र से मिले। वह सूचना मिलते ही अस्पताल पहुंचे। उन्होंने दोनों छात्रों के परिवार वालों से भी बातचीत की।

 नॉर्थ बंगाल सहोदय स्कूल कंप्लेक्स डॉ. एस. एस. अग्रवाल- यह घटना बहुत ही मार्मिक व दुखद है। ऐसा नहीं होना चाहिए था। यह किन कारणों से हुआ उसकी आवश्यक जांच की जानी चाहिए। इस घटना के जिम्मेदारों के विरुद्ध आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जानी चाहिए।

मेरा बेटा बनना चाहता था आइएएस- मृतक छात्र रिषभ आर्या के पिता अधिवक्ता अरुण कुमार भारती सोमवार देर शाम महाराजा अग्रसेन नर्सिग होम पहुंचे। अपने बेटे के शव को देखकर उन्होंने मीडिया से सिर्फ इतना ही कहा उनका एकलौता बेटा चला गया। वह आइएएस बनना चाहता था। इस घटना के लिए वे स्कूल को कोई दोष देना नहीं चाहते। जब स्कूल की ओर से उन्हें सूचना मिली तो पत्‍नी को बिना बताए सिलीगुड़ी के लिए रवाना हो गए। भगवान को जो मंजूर था वही हुआ।

Posted By: Preeti jha

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