मुंबई के ओपनिंग बल्लेबाज पृथ्वी शॉ ने असम के खिलाफ रणजी ट्रॉफी में तूफानी तिहरा शतक जड़कर इतिहास रचा था।
शॉ ने इस मैच में 383 गेंदों में 379 रन बनाए, जिसमें उन्होंने 49 चौके और 4 छक्के जड़े।
इस ऐतिहासिक पारी के साथ ही उन्होंने कई रिकॉर्ड अपने नाम किए।
रणजी ट्रॉफी में बतौर ओपनर ये सबसे बड़ा स्कोर है। इससे पहले यह रिकॉर्ड गुजरात के समित गोहेल के नाम है, जिन्होंने 2016 में उड़ीसा के खिलाफ नाबाद 359 रन की पारी खेली थी।
पृथ्वी ने रणजी ट्रॉफी इतिहास में दूसरी सबसे बड़ी व्यक्ति पारी खेलने का रिकॉर्ड बना दिया है।
इस मामले में उन्होंने संजय मांजरेकर का रिकॉर्ड तोड़ा, जिन्होंने 1991 में मुंबई के लिए खेलते हुए हैदराबाद के खिलाफ 377 रन बनाए थे।
इस लिस्ट में पहले नंबर पर बीबी निंबालकर हैं, जिन्होंने 1948 में महाराष्ट्र के लिए खेलते हुए काठियावाड़ के खिलाफ नाबाद 443 रन की पारी खेली थी।
पृथ्वी एक फर्स्ट क्लास मैच में लंच से पहले दो बार 100 या उससे ज्यादा रन बनाने वाले दुनिया के दूसरे खिलाड़ी बन गए हैं।
इससे पहले यह कारनामा 123 साल पहले गिल्बर्ट जेसप ने यॉर्कर के खिलाफ हुए फर्स्ट क्लास मैच में ऐसा किया था।