जागरण संवाददाता, सितारगंज : किराये पर ट्रैक्टर लेकर गायब हो जाने वाले एक गिरोह का पुलिस ने पर्दाफाश किया है। गिरोह का एक सदस्य पुलिस के हाथ आ गया। उसके कब्जे से एक ट्रैक्टर भी बरामद किया है। गिरोह के दो सदस्य पुलिस पकड़ से अभी बाहर हैं।

कोतवाल संजय कुमार ने बताया कि अरविंद नगर निवासी विश्वजीत वाला पुत्र विश्वनाथ वाला ने गुरुवार को शक्तिफार्म पुलिस चौकी में तहरीर दी थी। बताया था कि एक साल पहले रंजीत सिंह निवासी बसगर शक्तिफार्म, मुख्त्यार सिंह निवासी इस्लाम नगर नानकमत्ता व परमजीत सिंह निवासी धुसरा फार्म नानकमत्ता ने उसके पिता का एक ट्रैक्टर जिसका नंबर यूए-06, बी-2820 पच्चीस हजार रुपये प्रतिमाह किराये पर ले गए थे। तीनों ने उसके पिता को नैनीताल कोआपरेटिव बैंक का एक चेक व एक सादा स्टाप पेपर देकर ट्रैक्टर ले गए । जिसके बाद उन लोगों ने न तो किराया दिया और न ही ट्रैक्टर वापस किया। किराया व ट्रैक्टर वापस मागने पर तीनों धमकी देते थे। तहरीर मिलने के बाद पुलिस ने तीनों के खिलाफ धारा 406, 420, 504, 506 आइपीसी में मुकदमा दर्ज किया गया।

रिपोर्ट दर्ज होने के बाद पुलिस ने आरोपितों की तलाश शुरू कर दी। वहीं रिपोर्ट दर्ज होने की खबर ट्रैक्टर ले जाने वालों को भी लगी। जिसके बाद वह शुक्रवार को ट्रैक्टर बेचने नेपाल जा रहे थे। इसी दौरान जनता फार्म के पास एक आरोपित को पुलिस टीम ने दबोच लिया। कोतवाल ने बताया कि पकड़े गए आरोपित मुख्तयार से पूछताछ में पता चला है कि उसका गिरोह क्षेत्र के काश्तकारों का ट्रैक्टर-ट्रॉली किराये पर लेकर गायब हो जाता था। अरविंद नगर के विश्वनाथ का ट्रैक्टर किराये के बहाने ले जाने के बाद उसे लालपुर में एक व्यक्ति के पास डेढ़ लाख रुपये में गिरवी रख दिया था। इसी तरह उसने कई अन्य काश्तकारों के ट्रैक्टर किराये पर लेकर गिरवी रखने की कबूली है। ट्रैक्टर लेने के बाद गिरोह के सदस्य फिर कभी उस गांव नहीं जाते। उन्होंने बताया कि गिरोह के दो सदस्यों की खोज की जा रही है जो जल्द ही हिरासत में होंगे। उनकी गिरफ्तारी के लिए एक टीम लगा दी गई है।

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