जागरण संवाददाता, रुद्रपुर : तीन वर्षीय मासूम कल्याणी में बह गया। डायल 112 पर सूचना के बाद पुलिस के साथ ही एसडीआरएफ की टीम भी उसकी खोजबीन में जुट गई, लेकिन इस दौरान न ही कोई बच्चे को बहते देखने वाला सामने आया न ही बच्चे का कुछ पता चला।

गुरुवार शाम डायल 112 पर पहाडग़ंज निवासी गणेश कश्यप पुत्र सूरज आयु तीन वर्ष के कल्याणी नदी में बहने की सूचना मिली। लगातार हो रही बारिश के चलते महानगर के मध्य से निकलने वाली कल्याणी का जलस्तर बढ़ गया है। सूचना पर एसआइ मनोज जोशी पुलिस फोर्स के साथ व एसडीआरएफ प्रभारी बालम सिंह भी अपनी टीम के साथ पहुंच गए। उन्होंने कल्याणी में रेस्क्यू अभियान चलाया, लेकिन गणेश का कुछ पता नहीं चला। वहीं स्वजनों के अनुसार बच्चा तेज बहाव में आगे बह कर उत्तर प्रदेश की सीमा में भी जा सकता है। देर शाम रेस्क्यू बंद कर दिया गया। शुक्रवार सुबह फिर एसडीआरएफ की टीम बच्चे की खोजबीन में जुटेगी।

आबादी के बीच से बहने वाली कल्याणी के किनारे बड़ी संख्या में लोग अतिक्रमण कर मकान बना चुके है। जिसके चलते बरसातों में कल्याणी के अपने पूरे बहाव में आने के कारण ये दुखदाई बन जाती है। जब भी ऐसी घटनाएं होती हैं तो तमाम तरह की रोकथाम की बाते होती हैं। पर कुछ दिन बाद सब कुछ भुला दिया जाता है।

नदी मेंं दुुुुुर्घटना के आंकड़ेे

केस - 1

3 साल पहले खेड़ा में एक आदमी कल्याणी में बह गया था, उसका मकान कल्याणी में अतिक्रमण कर बना था। अतिक्रमण को रोकने व निगरानी की बात तत्काल में पुलिस प्रशासन ने की थी पर बाद में इस पर कोई ध्यान नहीं दिया गया।

केस - 2

5 साल पहले शिवनगर ट्रांजिट कैम्प में बच्चा बह गया था।

केस- 3

8 साल पहले एक बच्चा मुखर्जी नगर ट्रांजिट कैम्प में पुल की रेलिंग टूटने से बह गया था।