जागरण संवाददाता, टनकपुर (चम्‍पावत) : पुलिस और एसओजी की टीम ने नकली नोट बनाने के धंधे में शामिल दूसरे व्यक्ति को भी गिरफ्तार कर लिया है। उसकी गिरफ्तारी सिडकुल पंतनगर से की गई। पुलिस ने उसके पास से 10 हजार के नकली नोट और नोट बनाने वाले उपकरण भी बरामद किए हैं। धंधे में शामिल एक व्यक्ति को पुलिस एक दिन पूर्व टनकपुर से गिरफ्तार कर चुकी है। पुलिस व एसओजी की टीम ने गुरुवार की शाम चैकिंग के दौरान आइटीआइ टनकपुर के पास मोटर साइकिल सवार एक व्यक्ति को

एक लाख पांच हजार रुपये की नकली करेंसी के साथ गिरफ्तार किया था। आरोपित की निशानदेही पर पुलिस ने इस धंधे में शामिल दूसरे व्यक्ति को भी पकड़ लिया है। थानाध्यक्ष जसवीर सिंह ने बताया कि पकड़े गए आरोपित से मिली सूचना के आधार पर पुलिस टीम को हल्द्वानी भेजा गया। पता चला कि दूसरा आरोपित सिडकुल पंतनगर में मेट्रोपोलो सिटी की बिल्डिंग डी-2 -4 के क्वाटर नंबर 21 में रह रहा है। पुलिस ने बिल्डिंग में दबिश दी तो आरोपित नितिन कुमार (33) पुत्र सीताराम राठौर, निवासी वार्ड नंबर-17, गली नंबर-9, रामपुर रोड हल्द्वानी को दबोच लिया। आरोपित ने पुलिस को बताया कि वह सट्टे का कारोबार करता है। रकम जीतने वाले ग्राहकों के लिए प्रिंटर से स्कैन प्रिंट कर नकली करेंसी बनाकर असली के रूप में सप्लाई करता है।

एसओ ने बताया कि तलाशी लेने पर उसकी जेब से 100 रुपये के नकली नोटों की एक गड्डी मिली जिसमें 10 हजार रुपये थे। कमरे में तीन कलर प्रिंटर, 100 रुपये के एक साइड छपे हुए 10 नोट, नोट बनाने में प्रयुक्त होने वाला सादा कागज, पेपर काटने की ब्लेड, नकली नोट बनाने में प्रयुक्त होने वाली स्याही समेत अन्य उपकरण एवं तीन मोबाइल फोन जब्त किए गए। आरोपित को गिरफ्तार कर टनकपुर कोतवाली लाया गया है। धारा 489ए/489डी के तहत मुकदमा दर्ज कर उसके खिलाफ वैधानिक कार्रवाई की जा रही है। एक दिन पूर्व शुक्रवार को पुलिस और एसओजी की टीम ने सूचना के आधार पर आइटीआइ के पास मुख्तार अली पुत्र अस्पार अली (33)निवासी ग्राम पंडरी, वार्ड चार, सितारगंज, यूएस नगर को एक लाख पांच हजार रुपये की नकली नोटों के साथ गिरफ्तार किया था। उसके पास से 100 रुपये के नोटों की सात गड्डियों में 68 हजार रुपये, 500 रुपये की एक गड्डी में 37 हजार रुपये बरामद किए गए थे। उसने ही दूसरे आरोपित नितिन राठौर का ठिकाना पुलिस को बताया था।

लंबे समय से सट्टे का कारोबार करते थे दोनों

पुलिस के अनुसार पकड़े गए दोनों आरोपित लम्बे समय से सट्टे का कारोबार करते थे। नकली नोटो को सट्टे के कारोबार में भी प्रयोग कर सट्टे में जीतने वाले ग्राहको को देते थे। इसके अतिरिक्त वे नकली नोट तैयार कर उधम सिंह नगर, हल्द्वानी नैनीताल तथा चम्पावत जिले में असली के भाव में चलाते थे। आरोपित को पकडऩे वाली टीम में एसओ जसवीर सिंह, एसओजी प्रभारी विरेंद्र रमौला, उपनिरीक्षक योगेश दत्त, कांस्टेबल मतलूब खान, राकेश रौंकली, मनोज बैरी, कैलाश राम, विजय कुमार व कांस्टेबल बिहारी लाल शामिल रहे।

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Edited By: Prashant Mishra