यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Mar 26, 2019 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
हाई कोर्ट ने दून विवि के वीसी के पद को चुनौती देती याचिका पर सुनवाई कर जारी किया नोटिस
हाई कोर्ट ने दून विश्वविद्वयालय के वीसी के पद को चुनौती देने वाली याचिका पर सुनवाई करते हुए वीसी को ...और पढ़ें

नैनीताल, जेएनएन । हाई कोर्ट ने दून विश्वविद्वयालय के वीसी के पद को चुनौती देने वाली याचिका पर सुनवाई करते हुए वीसी को नोटिस जारी कर राज्य सरकार, यूजीसी और सीएसआईआर से तीन सप्ताह में जवाब पेश करने को कहा है। अगली सुनवाई तीन सप्ताह के बाद की नियत की है।
मुख्य न्यायाधीश की अध्यक्षता वाली खंडपीठ में आरटीआई के अध्यक्ष व सेवानिवृत लेक्चरर यज्ञदत्त शर्मा की जनहित याचिका पर सुनवाई हुई। याचिका में कहा है कि दून विश्वविद्यालय के वीसी डॉ. जीएस नौटियाल ने विश्वविद्वयालय के नियम व यूजीसी और सीएसआईआर के विरुद्ध और अपने बायोडाटा में गलत तथ्य उजगार करके तत्कालीन शिक्षा सचिव रणवीर सिंह से वीसी के पद पर नियुक्ति पाई है। याचिकाकर्ता का यह भी कहना है कि न तो उनके पास पढ़ाने का दस वर्ष का अनुभव है न ही वे इस पद हेतु योग्य हैं और न ही सीएसआईआर द्वारा ऐसा कोई आदेश पारित किया गया है। जिस कमेटी द्वारा उनका चयन किया है वह कमेटी खुद ही नियमों को पूर्ण नहीं करती। सुनवाई के बाद कोर्ट ने वीसी की नियुक्ति को गलत मानते हुए वीसी को नोटिस जारी कर राज्य सरकार यूजीसी सीएसआईआर से तीन सप्ताह में जवाब पेश करने को कहा है ।
