हल्द्वानी दंगा: मुख्य आरोपी अब्दुल मलिक के बेटे मोईद को हाई कोर्ट से राहत नहीं
हाई कोर्ट ने हल्द्वानी दंगा मामले में मुख्य साजिशकर्ता अब्दुल मलिक के बेटे मोईद और चालक जहीर की याचिका पर ...और पढ़ें

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जागरण संवाददाता, नैनीताल। हाई कोर्ट ने हल्द्वानी, बनभूलपुरा दंगा के मुख्य साजिशकर्ता अब्दुल मलिक के पुत्र मोईद व घटना में शामिल चालक जहीर की याचिका पर सुनवाई की।
कोर्ट ने फिलहाल उनको कोई राहत न देते हुए मामले को पूर्व में गठित खंडपीठ में सुनवाई करने के लिए भेज दिया गया है। अब मामले की सुनवाई पूर्व में गठित खंडपीठ ही सुनवाई करेगी।
शुक्रवार को न्यायाधीश न्यायमूर्ति रविंद्र मैठाणी व न्यायमूर्ति सिद्धार्थ साह की खंडपीठ में मामले की सुनवाई हुई। दरअसल आठ फरवरी 2024 को हल्द्वानी के बनभूलपुरा इलाके में अतिक्रमण हटाने गई पुलिस-प्रशासन व नगर निगम की टीम को साजिशकर्ता सहित अतिक्रमणकारियों सहित भीड़ ने पथराव, आगजनी और गोलीबारी की।
दंगाईयों ने गाड़ियों सहित थाने को घेरकर गोलाबारी की, जिसमें तीन लोगों की मौत हो गयी और 100 से अधिक लोग घायल हुए। इस मामले में जांच के बाद पुलिस ने 100 से अधिक दंगाईयों को गिरफ्तार किया, जिसमें याचिकाकर्ता भी थे।
जमानत प्रार्थना पत्र में कहा गया है कि जिस दिन यह घटना हुई, वह दिल्ली में थे। उन्हें बेवजह फंसाकर उनके विरुद्ध दंगा भड़काने और दंगाईयों का साथ देने का झूठा मुकदमा दर्ज कर दिया। जब अपराध किया ही नहीं तो ,झूठा मुकदमा किस आधार पर दर्ज किया गया। अन्य आरोपितों की तरह उन्हें भी जमानत पर रिहा किया जाए या ट्रायल कोर्ट के आदेश को निरस्त किया जाए।