जागरण संवाददाता, हल्द्वानी : Mothers Day 2021: कोरोना की दूसरी लहर ने अस्पताल के वार्ड ब्वाय से लेकर डाक्टर तक का काम व चुनौतियों को दोगुना कर दिया। जागरूक  लोग घरों से बेवजह बाहर न निकाल बीमारी से जंग लडऩे में जुटे हैं। लेकिन संगीता सिंह, रोहिणी समेत अन्य कई ऐसी स्टाफ नर्स है जो कि चार साल के बच्चे को घर पर छोड़ फर्ज की खातिर रोज 120 किमी का सफर तय कर मरीजों के बीच पहुंच रही है। बच्चों की फिक्र पूरी है। मगर विषम परिस्थितियों में समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारी का अहसास भी है। इसलिए रोज सुबह मरीजों के लिए कुछ बेहतर करने की आस में परिवार को छोड़ निकल पड़ते हैं। मदर डे में इन मांओं को सलाम...

बेटे को रुद्रपुर छोड़ वैक्सीनेशन में जुटी प्रेमा

रुद्रपुर निवासी प्रेमा बिष्ट मेहरा की ड्यूटी मोटाहल्दू पीएचसी में है। ड्यूटी के दौरान तीन साल के बेटा तेजस की जिम्मेदारी सास पर रहती है। जबकि प्रेमा दिनभर वैक्सीनेशन में जुटी रहती है। साथ ही मरीजों को भी देखना पड़ता है। कभी देर होने पर घर जाने की बजाय हल्द्वानी में ही रूकना पड़ता है। लॉकडाउन के बाद से जिम्मा और बढ़ा लेकिन काम हमेशा पूरा किया।  

संगीता की सैंपलिंग से कंटेनमेंट तक ड्यूटी

लालडांठ निवासी संगीता सिंह की ड्यूटी रामदत्त जोशी संयुक्त चिकित्सालय रामनगर में है। चार साल के बेटे आयांश को छोड़ उसे रोज 120 किमी का सफर करना पड़ता है। सैंपलिंग ड्यूटी के अलावा कंटेनमेंट जोन में जाकर संदिग्धों के टेस्ट में संगीता की अहम भूमिका है। जोखिम के बीच ड्यूटी व थकान भरे सफर के बावजूद वह काम में कभी कोई लापरवाही नहीं।

आरती का जज्बा भी कम नहीं

मोटाहल्दू निवासी आरती की ड्यूटी इन दिनों मोटाहल्दू पीएचसी केंद्र पर है। टीकाकरण के दौरान बुजुर्गों का हौंसला बढ़ाने के साथ लोगों को समझाने में भी वह काफी एक्टिव रहती है। आरती की बेटी रूही महज पांच साल की है। दिनभर अजनबियों के बीच रहने पर खतरा भी हुआ। इसलिए घर जाने पर पूरी तरह सैनिटाइज होकर ही बच्ची से मिलती है।

महिला अस्पताल में मुस्तैद रेनू

नर्स रेनू रौतेला की ड्यूटी महिला अस्पताल में है। पति रविंद्र बाल धरोहर संस्था में नौकरी करते हैं। रोटेशन में पति-पत्नी चार साल के बेटे प्रियांश के लिए समय निकालते हैं। कई बार ऐसी स्थिति हो जाती है कि मकान मालिक, पड़ोसी व रिश्तेदार की मदद लेनी पड़ जाती है। लेकिन ड्यूटी के दौरान रेनू ने कभी इस तनाव को खुद पर आने नहीं दिया।

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Edited By: Prashant Mishra