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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 16, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Vinod Arya : कुकर्म के प्रयास के मामले में विनोद आर्य की गिरफ्तारी में पेच, बदले-बदले नजर आ रहे पीड़ित के सुर

By Jagran NewsEdited By: Nirmala Bohra
Published: Fri, 16 Dec 2022 09:12 AM (IST)

Vinod Arya पूर्व दायित्वधारी डा. विनोद आर्य की गिरफ्तारी में फिलहाल पेच आ गया है। वहीं पीड़ित के सुर भी ...और पढ़ें

Vinod Arya : पूर्व दायित्वधारी डा. विनोद आर्य की गिरफ्तारी में फिलहाल पेच
Vinod Arya : पूर्व दायित्वधारी डा. विनोद आर्य की गिरफ्तारी में फिलहाल पेच

जागरण संवाददाता, हरिद्वार : Vinod Arya : पूर्व दायित्वधारी डा. विनोद आर्य की गिरफ्तारी में फिलहाल पेच आ गया है।

पुलिस ने गुरुवार को कोर्ट से पीड़ित के बयानों की कापी तो प्राप्त कर ली, लेकिन अब युवक के कोर्ट में दिए गए बयानों और पूर्व में पुलिस को दिए गए बयानों का मिलान करते हुए परीक्षण करने की बात कही जा रही है।

बदले-बदले नजर आ रहे हैं पीड़ित के सुर

वहीं, पीड़ित के सुर भी बदले-बदले नजर आ रहे हैं। जिससे कई तरह की चर्चाओं का बाजार गर्म है। हालांकि, एसएसपी का कहना है कि बयानों के परीक्षण के बाद अग्रिम कार्रवाई की जाएगी।

छुटमलपुर सहारनपुर निवासी युवक ने मुकदमा दर्ज कराते हुए बताया था कि पूर्व दायित्वधारी विनोद आर्य ने उसे ड्राइवर की नौकरी पर रखा था। युवक का आरोप है कि विनोद आर्य ने उससे तेल मालिश कराई और अश्लील हरकत की।

युवक ने लगाया था कुकर्म के प्रयास का आरोप

कुकर्म के प्रयास का आरोप भी युवक ने लगाया था। युवक का कहना था कि विनोद आर्य ने बाइक पर तीन युवकों को छुटमलपुर भेजकर उसका एक्सीडेंट भी कराया। जान का खतरा जताते हुए कार्रवाई की मांग की थी।

पुलिस ने मुकदमा दर्ज करने के कुछ घंटे बाद ही विनोद आर्य को हिरासत में ले लिया था। साथ ही युवक को कोर्ट में पेश करते हुए बयान दर्ज कराए गए थे। लेकिन, बयानों की कापी मिलने में देर होने का हवाला देते हुए डा. विनोद आर्य को उनके स्वजन के सुपुर्द कर दिया गया था।

अधिकारी दावा कर रहे थे कि कापी लेने के बाद अगली कार्रवाई की जाएगी। गुरुवार को पुलिस ने कापी हासिल कर ली। मगर अगली कार्रवाई पीड़ित के कोर्ट और पुलिस को दिए गए बयानों के परीक्षण पर टाल दी गई।

अधिकारी इस मामले में खुलकर कुछ भी बोलने से बच रहे हैं, लेकिन सूत्र बताते हैं कि युवक के बयानों में विरोधाभास सामने आने के चलते पुलिस फिलहाल कार्रवाई से बच रही है।

पहले पुलिस इस मामले की गहराई तक जाकर छानबीन करेगी। आरोपों के संबंध में कहीं कोई मजबूत सुबूत हाथ लगता है तो गिरफ्तारी हो सकती है, अन्यथा मामला ठंडे बस्ते में जाना तय है।

फिलहाल यह मामला हरिद्वार सहित कई जिलों में सुर्खियों में बना हुआ है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय सिंह ने बताया कि कोर्ट से युवक के बयान की प्रतिलिपि प्राप्त कर ली गई है। विवेचक को बयानों का परीक्षण करने और गहनता से जांच करते हुए विधिसम्मत कार्यवाही के निर्देश दिए गए हैं।

कहानी में झोल, बड़े खेल की चर्चाएं

पूर्व दायित्वधारी डा. विनोद आर्य का बेटा पुल्कित आर्य चर्चित वनंतरा कांड में जेल में बंद है। इसलिए भी यह प्रकरण और ज्यादा हाईप्रोफाइल हो जाता है। युवक की कहानी में पुलिस को पहले दिन से झोल नजर आ रहा था।

बावजूद पुलिस ने पहले ही दिन मुकदमा दर्ज किया और विनोद आर्य को हिरासत में ले लिया था। लेकिन, पीड़ित को कोर्ट में पेश करने के दौरान ही उसने अजीबो गरीब हरकतें की। जिसे देखकर पुलिस भी हैरान रह गई।

युवक के फोन लगातार घनघनाते रहे। इसके बाद अचानक उसके सुर नरम पड़ते चले गए। गुरुवार को कुछ मीडियाकर्मियों से बातचीत में उसने यहां तक कह दिया कि डा. विनोद आर्य की मंशा गलत नहीं थी। इसलिए बड़े खेल की चर्चाएं बनी हुई हैं।

दैनिक जागरण ने गुरुवार को ही इस संबंध में खबर प्रकाशित करते हुए विनोद आर्य की गिरफ्तारी पर शंका जाहिर की थी। आखिरकार वही हुआ। अगले एक दो दिन में पुलिस की जांच किसी नतीजे पर पहुंचती है तो कार्रवाई हो सकती है, अन्यथा प्रकरण के ठंडे बस्ते में जाना तय है।