रुड़की: चाय पर बुलाकर रची साजिश, बोला- 'जो हुआ भूल जाओ, घर आओ’... फोन कर बुलाया और मार दी गोली
रुड़की में आदि राणा की हत्या सुनियोजित साजिश का नतीजा थी, उसे पुराने विवाद सुलझाने के बहाने घर बुलाकर गोली मार दी गई।

भरोसा कर घर पहुंचा था आदि राणा।

समय कम है?
जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में
केके शर्मा, रुड़की। गैस प्लांट कालोनी में युवक आदि राणा की हत्या महज अचानक हुए विवाद का नतीजा नहीं, बल्कि पुलिस की प्रारंभिक जांच में इसे सुनियोजित वारदात के तौर पर देखा जा रहा है।
आरोप है कि पुराने विवाद का बदला लेने के लिए अनिल पंडित और उसके बेटों ने आदि राणा को विवाद खत्म करने के बहाने अपने घर बुलाया। उसे भरोसा दिलाया गया कि पुरानी बातों को छोड़कर मामले को निपटा लिया जाएगा और घर आकर चाय पीने को कहा गया। भरोसा कर आदि राणा घर पहुंच गया, लेकिन उसे जरा भी अंदाजा नहीं था कि यहां उसके लिए मौत का जाल बिछाया गया है।
आरोप है कि घर पहुंचते ही लकी पंडित के पास तमंचा देखकर आदि राणा ने सवाल किया। इसी दौरान लकी ने उस पर गोली चला दी। हत्या के फुलप्रुफ प्लान का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि आरोपितों ने आदि राणा के हथियार लेकर आने की झूठी कहानी गढ़ दी और खुद ही पुलिस को फोन कर पीड़ित दर्शाने का प्रयास किया। हालांकि पुलिस की जांच में पूरी सच्चाई सामने आ गई।
लकी पंडित से हुआ था विवाद
बताया गया कि आदि राणा और लकी पंडित के बीच कुछ समय पहले विवाद हुआ था। बाद में दोनों पक्षों के बीच मामला शांत हो गया था। गुरुवार देर शाम भी आदि राणा के एक दोस्त का शराब की दुकान के पास लकी पंडित से विवाद हुआ था। आसपास के लोगों ने किसी तरह मामला शांत करा दिया था।
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इसके बाद ही आदि राणा को फोन कर पुराने विवाद को खत्म करने और आपस में बैठकर बात करने व चाय पिलाने के लिए बुलाया गया था। पुलिस जांच में सामने आया है कि आदि राणा जब अनिल पंडित के घर पहुंचा तो वहां लकी पंडित के पास तमंचा रखा हुआ था। इसे देखकर आदि राणा ने तमंचा के बारे में पूछा। इस पर अनिल पंडित की ओर से कहा गया कि लकी 24 घंटे तमंचा रखता है। आदि राणा ने उसे तमंचा अंदर रखने को कहा।
आरोप है कि इसी दौरान लकी ने अचानक उस पर फायर कर दिया। घटना के समय आदि राणा के कुछ दोस्त भी आसपास मौजूद बताए जा रहे हैं। अचानक गोली चलने से वे भी सकते में आ गए। उन्हें समझ में नहीं आया कि आखिर कुछ देर पहले तक विवाद सुलझाने की बात चल रही थी और अचानक गोली कैसे चल गई।
गोली लगने के बाद आदि राणा गंभीर रूप से घायल होकर गिर पड़ा। पुलिस की मानें तो हत्या के बाद आरोपित ने कहानी गढ़ते हुए पुलिस को फोन कर सूचना दी कि आदि राणा साथियों के साथ हथियार लेकर आया था। जब लकी ने छीना झपटी की तो आदि राणा को गोली लग गई, लेकिन जब पुलिस मौके पर पहुंची और जांच की तो पूरा मामला सामने आ गया।
दोस्त ने जोड़े हाथ, बोला पंडित जी आदि को अस्पताल पहुंचाओ
आदि राणा के दोस्तों ने पुलिस को कई अहम जानकारी दी है। जब आदि गोली लगने के बाद नीचे गिरा तो उसकी सांस चल रही थी। इसी दौरान उसके एक दोस्त ने अनिल पंडित से हाथ जोड़कर मिन्नतें करते हुए कहा कि पंडित जी आदि को अस्पताल पहुंचाओ। आदि बच सकता है और अपनी गाड़ी की चाभी दे दो। आरोप है कि अनिल पंडित ने कहा कि अब तो पुलिस आकर ही इसे ले जाएगी।
वारदात से कालोनी में अभी तक दहशत
गैस प्लांट कालोनी में घर के भीतर गोली चलने और युवक की हत्या से अभी भी दहशत का माहौल है। घटना के बाद कालोनी में सन्नाटा पसरा हुआ है। पुलिस की फारेंसिक टीम ने भी घटनास्थल पर जाकर साक्ष्य संकलित किए।
