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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 10, 2021 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

उत्तराखंड: शासन के निर्देश के बाद भी नहीं भरे सड़कों के गड्ढे, जिलों को फिर भेजा गया पत्र

By Raksha PanthriEdited By:
Published: Wed, 10 Nov 2021 08:42 AM (IST)

सड़कों पर पड़े गड्ढे अभी तक नहीं भरे जा सके हैं। वह भी तब जबकि शासन की ओर से इस ...और पढ़ें

उत्तराखंड: शासन के निर्देश के बाद भी नहीं भरे सड़कों के गड्ढे, जिलों को फिर भेजा गया पत्र।
उत्तराखंड: शासन के निर्देश के बाद भी नहीं भरे सड़कों के गड्ढे, जिलों को फिर भेजा गया पत्र।

राज्य ब्यूरो, देहरादून। बरसात गुजर चुकी है, लेकिन सड़कों पर पड़े गड्ढे अभी तक नहीं भरे जा सके हैं। वह भी तब जबकि शासन की ओर से इस संबंध में जिलों को निर्देश जारी किए गए थे। अब शासन ने एक बार फिर सभी जिलाधिकारियों को पत्र लिखकर सप्ताहभर के भीतर सभी सड़कों को गड्ढामुक्त करने की कार्यवाही सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही कार्यों में गुणवत्ता के संबंध में कमी अथवा शिकायत पर की गई कार्रवाई के संबंध में शासन को भी अवगत कराने को कहा है।

सरकार ने बीती 15 सितंबर को सभी जिलाधिकारियों को पत्र लिखकर प्रदेश की सड़कों को गड्ढा मुक्त करने के लिए विशेष अभियान चलाने के निर्देश दिए थे। सभी से 30 अक्टूबर तक सड़कों को गड्ढ़ा मुक्त करते हुए इसकी रिपोर्ट शासन को उपलब्ध कराने को कहा गया था। इस कड़ी में शुरुआत में तो सभी जिलों में तेजी से काम हुआ, लेकिन बाद में इसकी रफ्तार सुस्त हो गई। तमाम जिलों में अभी भी बड़ी संख्या में सड़कें क्षतिग्रस्त हैं। इनके रखरखाव की ओर ध्यान नहीं दिया जा रहा है। यह शिकायतें शासन तक पहुंची है।

इसे देखते हुए प्रमुख सचिव लोक निर्माण विभाग आरके सुधांशु ने सभी जिलाधिकारियों को पत्र लिखकर कहा है कि राज्य में मानसून अवधि समाप्त होने तथा कार्य के लिए मौसम अनुकूल होने के बावजूद सड़क मार्गों को गड्ढा मुक्त करने के विशेष अभियान में आशातीत प्रगति नहीं हुई है। विभिन्न शहरों के मुख्य मार्गों पर गड्ढे होने के कारण आम जनमानस को सुलभ आवागमन उपलब्ध नहीं हो पा रहा है। इससे सरकार की वचनबद्धता भी प्रभावित हो रही है। इसे देखते हुए एक सप्ताह के भीतर जिला स्तरीय अधिकारियों को तैनात कर अपने स्तर से भी निगरानी सुनिश्चित की जाए।

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