जागरण संवाददाता, देहरादून। दून मेडिकल कालेज चिकित्सालय में एमआरआइ जांच का इंतजार अब खत्म होने वाला है। इसी माह अस्पताल में नई एमआरआइ मशीन पहुंच जाएगी और नए साल में जांच शुरू हो जाएगी। प्राचार्य डा. आशुतोष सयाना ने रविवार को एमआरआइ विंग में निर्माण कार्य का जायजा लिया। इस दौरान एमआरआइ प्रभारी महेंद्र भंडारी ने उन्हें इस बाबत तमाम जानकारी दी। 

दून अस्पताल में एमआरआइ जांच करीब दो साल से ठप है। अस्पताल प्रशासन ने नई मशीन आने तक ठेके पर निजी लैब से एमआरआइ कराए जाने की पहल की थी, लेकिन दरें कम होने के कारण किसी भी लैब ने इसमें दिलचस्पी नहीं दिखाई। अस्पताल में एमआरआइ की सुविधा नहीं होने से मरीजों को खासी परेशानी हो रही है। खासकर, विभिन्न हादसों और हड्डी रोग और न्यूरो संबंधी मरीजों को। निजी केंद्रों में एमआरआइ जांच आठ से दस हजार रुपये में होती है, जबकि दून अस्पताल में साढ़े तीन हजार में। पूर्व में अस्पताल में रोजाना 20 से 25 एमआरआइ की जाती थीं।

प्राचार्य डा. आशुतोष सयाना ने बताया कि नई एमआरआइ मशीन 16 दिसंबर तक पहुंच जाएगी। कुछ वक्त इसे इंस्टाल करने में लगेगा। नए साल से जांच शुरू कर दी जाएगी। उन्होंने बताया कि इसका उद्घाटन मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और स्वास्थ्य मंत्री डा. धन सिंह रावत करेंगे। इससे निम्न व निम्न मध्य वर्ग को सहूलियत होती। उन्हें निजी लैब में नहीं जाना पड़ेगा। आयुष्मान योजना के तहत मरीजों को निश्शुल्क एमआरआइ जांच की सुविधा मिलती है।

नशे से बचाव के प्रति किया जागरूक

न्याय पंचायत रानीपोखरी के युवाओं को नशे से बचाने के लिए राष्ट्रीय जनचेतना संस्थान, रानीपोखरी के अध्यक्ष व संस्थापक पूर्व सैनिक विक्रम भंडारी ने मुहिम शुरू की है। इसी मुहिम के तहत युवाओं को नशे से बचाव के प्रति जागरूक किया गया। राजकीय बालिका इंटर कालेज के समीप खेल मैदान में एकत्र हुए। यहां से सभी लोग ने रानीपोखरी चौक होते हुए शहीद पेट्रोल पंप तक पदयात्रा निकाली। पदयात्रा में युवाओं ने नशे के विरुद्ध स्लोगन लिखी तख्तियां लेकर नारे लगाए और जनसमुदाय से इस मुहिम में साथ आने के अपील की।

यह भी पढ़ें- छोटे अस्पतालों को मिलेगी क्लीनिकल एस्टेबलिशमेंट एक्ट में छूट, स्वास्थ्य मंत्री ने कहा- आगामी कैबिनेट में आएगा प्रस्ताव

Edited By: Raksha Panthri